सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकार, पटना से प्राप्त सूचनानुसार इसका आयोजन जिला विधिक सेवा प्राधिकार, पटना के तत्वाधान में सिविल कोर्ट, पटना सदर एवं पटना जिला के अनुमंडल-स्तरीय कोर्ट यथा पटना सिटी, दानापुर, बाढ़, मसौढ़ी तथा पालीगंज के प्रांगण में उक्त तिथि को 10ः30 बजे पूर्वाहन से होगा। इस राष्ट्रीय लोक अदालत में इन मामलों का निपटारा होगाः *संधि-योग्य लघु आपराधिक मामले, *धारा 138 एन.आई. एक्ट मामले, *विद्युत वाद के मामले, *वाहन दुर्घटना दावे, *सिविल सूट, *माप-तौल, *श्रम वाद, *बैंक ऋण वसूली मामले, *नीलाम-पत्र वाद इत्यादि। बताते चलें कि लोक अदालत में किसी पक्ष के लिये कोई कोर्ट फीस नहीं होती, यदि कोर्ट फीस का भुगतान पहले ही कर दिया गया है तो राशि वापस कर दी जाएगी। विवादों का सरल और शीघ्र निपटारा लोक अदालत का मुख्य उद्देश्य है । लोक अदालत के ऑर्डर की अपील नहीं होती और इसका निर्णय अंतिम होता है। लोक अदालत का आयोजन सिविल कोर्ट, पटना सदर एवं पटना जिला के अनुमण्डल-स्तरीय कोर्ट (पटना सिटी, दानापुर, बाढ़, मसौढ़ी एवं पालीगंज) में होगा। जिला पदाधिकारी-सह-उपाध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकार, पटना डॉ. त्यागराजन एस.एम. ने जिला प्रशासन के पदाधिकारियों को राष्ट्रीय लोक अदालत का सम्पूर्ण जिला में वृहत स्तर पर प्रचार-प्रसार करने का निर्देश दिया है ताकि आम जनता इससे लाभान्वित हो सके। लोक अदालत में मामले के निबटारे के लिए आप जिला विधिक सेवा प्राधिकार, पटना में प्रार्थना पत्र लगाकर लोक अदालत का लाभ ले सकते हैं। यदि आप मुकदमे को दूसरे पक्ष के साथ समझौते के माध्यम से लोक अदालत द्वारा निपटाना चाहते हैं तो आपका जो भी मुकदमा जिस न्यायालय में लंबित हो तो आप उसी न्यायालय में दिनांक 12.12.2025 तक किसी भी कार्य-दिवस को जाकर अपने मामले पर विचार करवा सकते हैं जिसका निस्तारण दिनांक 13.12.2025 को होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत में आपसी समझौते के आधार पर किया जाएगा। जिलाधिकारी ने सभी वादकारीगण को अपने मुकदमों का निस्तारण समझौते के आधार पर कराने का सुनहरा अवसर बताया है।