पटना,(ईएमएस)। बिहार की सियासत में एक बार फिर ‘बंगला विवाद’ सुर्खियों में है। नीतीश सरकार ने पूर्व मुख्यमंत्री और नेता प्रतिपक्ष (विधान परिषद) राबड़ी देवी को 10 सर्कुलर रोड वाला पुराना बंगला खाली करने का नोटिस थमा दिया है और इसके एवज में 39 हार्डिंग रोड स्थित अत्याधुनिक, विशाल और वीवीआईपी सुविधाओं से लैस नया बंगला आवंटित कर दिया है। सरकारी दस्तावेजों के मुताबिक नया बंगला पुराने से कहीं ज्यादा शानदार, सुरक्षित और राजनीतिक गतिविधियों के लिए उपयुक्त है, फिर भी राजद ने साफ कह दिया है – पुराना बंगला खाली नहीं करेंगे। दरअसल, 10 सर्कुलर रोड वाला बंगला लालू प्रसाद यादव और राबड़ी देवी का करीब तीन दशक पुराना ठिकाना रहा है। यहीं से लालू ने बिहार की सत्ता संभाली, यहीं तेजस्वी-तेजप्रताप बड़े हुए और यहीं राजद की रणनीति बनती रही। भावनात्मक लगाव के अलावा यह बंगला लोकेशन के लिहाज से भी बेहद खास है। दूसरी तरफ 39 हार्डिंग रोड का नया बंगला भले ही सुविधाओं में कहीं आगे हो, लेकिन लालू परिवार इसे “दूर का ढोल” मान रहा है। नया बंगला पुराने से कितना शानदार है,इसमें विशाल परिसर, बड़ा फ्रंट लॉन, हरा-भरा गार्डन जिसमें नीम, पीपल, आम, जामुन, गुलमोहर जैसे ऊंचे पेड़ और गुलाब, मोगरा, हरसिंगार जैसे फूलों की क्यारियां हैं। दो मंजिला मुख्य इमारत में 6 बड़े बेडरूम (तीन ऊपर, तीन नीचे), विशाल ड्राइंग- डाइनिंग, बड़ा हॉल, अलग मीटिंग रूम, कॉन्फ्रेंस रूम और ऑफिस स्पेस स्टाफ, ड्राइवर, गार्ड के लिए अलग-अलग क्वार्टर, सर्वेंट एरिया और डेडिकेटेड पार्किंग। चौड़ा मुख्य गेट, 24×7 पुलिस चौकी, सीसीटीवी सर्विलांस और हाई लेवल सिक्योरिटी लगे है। किचन गार्डन में मौसमी सब्जियां उगाने की सुविधा भी है। सबसे बड़ी खासियत लोकेशन है। बंगला ठीक विधानसभा के सामने है, मुख्यमंत्री आवास से सिर्फ 800 मीटर और तेजस्वी यादव के पोलो रोड बंगले से करीब एक किलोमीटर दूर पहले यह बंगला पूर्व मंत्री रामसूरत राय, शमीम अख्तर, चंद्रमोहन राय जैसे नेताओं को मिल चुका है। भवन निर्माण विभाग ने नियमों के तहत नेता प्रतिपक्ष को यही आवास आवंटित किया है। सरकार का रुख सख्त है – छह महीने में पुराना बंगला खाली करना होगा। राजद का जवाब भी साफ है – हम पुराना बंगला नहीं छोड़ेंगे। अब देखना यह है कि यह नया बंगला विवाद आखिर शांत होता है या आने वाले दिनों में कोर्ट-कचहरी और सड़क तक पहुंच जाता है। बिहार की सियासत में एक बार फिर “बंगला युद्ध” शुरू हो चुका है। वीरेंद्र/ईएमएस/29नवंबर2025