व्यापार
24-May-2026


- शेयर ने छुआ 52-वीक हाई, शुक्रवार को दिखी मुनाफावसूली नई दिल्‍ली (ईएमएस)। फार्मा सेक्टर की दिग्गज कंपनी सन फार्मास्युटिकल इंडस्ट्रीज के शेयरों ने हाल ही में अपने 52-वीक हाई को छुआ, लेकिन सप्ताह के अंत में हुई हल्की मुनाफावसूली ने निवेशकों के मन में सवाल खड़े कर दिए। हालांकि, बाजार विशेषज्ञ इसे खरीदारी के एक बेहतरीन अवसर के रूप में देख रहे हैं। कंपनी की नई डायबिटीज और मोटापे की दवा सेमाग्लूटाइड (जीएलपी-1) के सफल क्लीनिकल ट्रायल और ब्रोकरेज फर्म एचडीएफसी सिक्योरिटीज की बाय रेटिंग के साथ बढ़ाए गए टारगेट प्राइस ने निवेशकों के लिए सुनहरे भविष्य का संकेत दिया है। सन फार्मा के शेयर ने इस हफ्ते 1917.15 रुपये के 52-वीक हाई को छुआ, जो इसके ऑल-टाइम हाई से केवल 4 फीसदी नीचे है। शुक्रवार को 2.43 फीसदी की मामूली गिरावट के साथ 1,845.20 रुपये पर बंद होने के बावजूद, विश्लेषक इसे लंबी अवधि के निवेशकों के लिए एक आकर्षक प्रवेश बिंदु मान रहे हैं। कंपनी के लिए सबसे बड़ा टर्निंग पॉइंट इसकी नई दवा सेमाग्लूटाइड मानी जा रही है। यह दवा डायबिटीज और मोटापे के इलाज में वैश्विक स्तर पर काफी प्रभावी साबित हुई है। सन फार्मा द्वारा विकसित इसका ओरल सॉलिड फॉर्म (खाने वाली गोली) अपने क्लीनिकल ट्रायल सफलतापूर्वक पूरे कर चुका है और अब भारतीय ड्रग रेगुलेटर से अंतिम मंजूरी का इंतजार कर रहा है। यह दवा घरेलू बाजार में कंपनी के लिए गेम चेंजर साबित हो सकती है। चौथी तिमाही के शानदार नतीजों के बाद, ब्रोकरेज हाउस एचडीएफसी सिक्योरिटीज ने सन फार्मा पर अपनी बाय रेटिंग बरकरार रखते हुए टारगेट प्राइस को 2,000 रुपये से बढ़ाकर 2,120 रुपये प्रति शेयर कर दिया है। ब्रोकरेज के अनुसार, कंपनी के ग्रॉस मार्जिन में 118 बेसिस पॉइंट का प्रभावशाली सुधार देखा गया है। हालांकि कर्मचारियों की सैलरी और रिसर्च पर हुए खर्च के कारण ए‎बिटा ग्रोथ 3 फीसदी तक सीमित रही, लेकिन कंपनी का ग्लोबल स्पेशियलिटी बिजनेस 20% और भारतीय कारोबार 15% की दर से बढ़ा है। इलुम्या, सेक्वा और विनलेवी जैसे प्रमुख ब्रांड्स की मजबूत वैश्विक मांग अमेरिकी बाजार में संभावित सुस्ती के प्रभाव को बेअसर करने में सक्षम है। ऐसे में, विश्लेषकों का मानना है कि सन फार्मा लंबी अवधि के निवेशकों को बंपर रिटर्न देने की राह पर है। सतीश मोरे/24मई ---