:: मुख्यमंत्री के निर्देश पर चला प्रशासन का बुलडोजर; खजराना और शहरी सीलिंग की बेशकीमती जमीनों से हटाए अवैध कब्जे :: इन्दौर (ईएमएस)। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के भ्रष्टाचार और माफिया मुक्त प्रदेश के संकल्प को धरातल पर उतारते हुए इंदौर जिला प्रशासन ने गुरुवार को बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया। कलेक्टर शिवम वर्मा के निर्देशन में राजस्व विभाग के अमले ने शहर के दो प्रमुख क्षेत्रों में दबिश देकर करीब 100 करोड़ रुपये बाजार मूल्य की शासकीय भूमि को अतिक्रमणकारियों के चंगुल से मुक्त कराया। :: खजराना में 52.50 करोड़ की जमीन पर चला बुलडोजर :: प्रशासन की पहली बड़ी सर्जिकल स्ट्राइक ग्राम खजराना के सर्वे क्रमांक 296 पर हुई। यहाँ 0.769 हेक्टेयर शासकीय भूमि के लगभग 35 हजार वर्गफीट हिस्से पर इमरान पटेल द्वारा अवैध पक्का निर्माण कर भैंस का तबेला संचालित किया जा रहा था। साथ ही शाकिर शाह नामक व्यक्ति ने यहाँ गैरेज बना रखा था। प्रशासन ने भारी पुलिस बल की मौजूदगी में इन अवैध ढाँचों को जमींदोज कर दिया। बाजार मूल्य के अनुसार इस भूमि की कीमत करीब 52.50 करोड़ रुपये आँकी गई है। :: शहरी सीलिंग की 45 हजार वर्गफीट भूमि भी मुक्त :: दूसरी महत्वपूर्ण कार्रवाई शहरी सीलिंग की भूमि पर की गई। सर्वे नंबर 325/1/6/2 के अंतर्गत आने वाली इस बेशकीमती जमीन का रकबा 45 हजार वर्गफीट है। यहाँ अतिक्रमणकारियों ने अवैध फेंसिंग और अस्थायी निर्माण कर रखे थे। प्रशासनिक टीम ने फेंसिंग को उखाड़ फेंका और निर्माण कार्य ध्वस्त कर भूमि को पुनः शासन के आधिपत्य में ले लिया। :: जारी रहेगा भू-माफिया विरोधी अभियान :: कलेक्टर शिवम वर्मा ने भू-माफियाओं को कड़ी चेतावनी देते हुए स्पष्ट किया है कि शासकीय भूमि पर अवैध कब्जा किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने बताया कि जिले में सीलिंग और शासकीय सर्वे नंबरों की जमीनों का सघन ऑडिट किया जा रहा है और अतिक्रमण पाए जाने पर इसी प्रकार की कठोर कार्रवाई निरंतर जारी रहेगी। आज की इस संयुक्त कार्रवाई में राजस्व, पुलिस और नगर निगम का अमला विशेष रूप से सक्रिय रहा। प्रकाश/8 जनवरी 2026