* भूपेन्द्र पटेल ने दिया संदेश - उच्च अधिकारी बनकर वंचितों और अंतिम छोर के लोगों की सेवा को बनाएं प्राथमिकता गांधीनगर (ईएमएस)| राज्य सरकार द्वारा संचालित सरदार पटेल लोक प्रशासन संस्थान (स्पीपा) में प्री-एग्जाम प्रशिक्षण प्राप्त करके संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) की सिविल सेवा परीक्षा 2025 में सफलता प्राप्त करने वाले 35 युवाओं ने शनिवार को गांधीनगर में मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल से शिष्टाचार भेंट की। मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने इन युवाओं के साथ सहज संवाद करते हुए उन्हें भविष्य में उच्च अधिकारी के तौर पर मिलने वाले सेवा के अवसर को वंचितों, अंतिम छोर के लोगों और जनसाधारण की सेवा करने के संवेदनशील अवसर के रूप में अपनाने का प्रेरक मार्गदर्शन दिया। भूपेंद्र पटेल ने उच्च प्रतिस्पर्धी परीक्षा में सफलता प्राप्त करने वाले इन युवाओं को उज्जवल करियर की शुभकामनाएं दीं और यह आह्वान किया कि वे सरकार और जनता के बीच सौहार्द बनाए रखें और राज्य सेवा से राष्ट्र सेवा का दायित्व ही उनकी प्राथमिकता रहे। उल्लेखनीय है कि अखिल भारतीय सिविल सेवा में राज्य के युवाओं का प्रतिनिधित्व बढ़े और इसमें राज्य के युवा अधिक से अधिक संख्या में चयनित हों, इस उद्देश्य से गुजरात सरकार की ओर से 1992 में स्पीपा-अहमदाबाद में ‘यूपीएससी सिविल सेवा स्टडी सेंटर’ शुरू किया गया है। इस सेंटर के जरिए यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा की प्रारंभिक परीक्षा (प्रीलिम्स), मुख्य परीक्षा (मेंस) और साक्षात्कार परीक्षण (इंटरव्यू) के लिए निःशुल्क प्रशिक्षण क्लास संचालित की जाती है। यूपीएससी द्वारा ली गई सिविल सेवा परीक्षा 2025 में स्पीपा के सर्वाधिक कुल 35 उम्मीदवार अखिल भारतीय सेवा और केंद्रीय सिविल सेवा के लिए अंतिम रूप से चुने गए हैं। 1992 से वर्ष 2026 तक, यानी पिछले 34 वर्षों में स्पीपा अहमदाबाद से कुल 348 उम्मीदवार यूपीएससी सिविल सेवा में अंतिम रूप से चयनित होकर आईएएस, आईपीएस, आईएफएस और आईआरएस जैसे विभिन्न कैडरों में शामिल हुए हैं। * स्पीपा द्वारा यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा की प्रशिक्षण क्लास में दी जाने वाली सुविधाएं स्पीपा में यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा की प्रारंभिक और मुख्य परीक्षा की प्रशिक्षण क्लास में नियमित व्याख्यान, ग्रुप डिस्कशन और मॉक टेस्ट के जरिए, तथा साक्षात्कार परीक्षण की प्रशिक्षण क्लास में व्याख्यान, ग्रुप डिस्कशन, वन-टू-वन इंटरव्यू और मॉक इंटरव्यू के माध्यम से गहन प्रशिक्षण दिया जाता है। इसके अलावा, स्पीपा की लाइब्रेरी में उम्मीदवारों के लिए यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी के लिए आवश्यक सभी प्रकार की पुस्तकें, मैगजीन और समाचार पत्र आदि जरूरी संख्या में होते हैं। उम्मीदवारों के पढ़ने के लिए वाचनालय की व्यवस्था भी उपलब्ध है। इतना ही नहीं, प्रशिक्षुओं को संस्थान के नियमों और उपलब्धता के आधार पर हॉस्टल की सुविधा दी जाती है तथा उम्मीदवार तैयारी करने के लिए इंटरनेट का उपयोग कर सकें, इसके लिए निःशुल्क वाई-फाई की सुविधा भी दी जाती है। * राज्य सरकार द्वारा स्पीपा में यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा के लिए दी जाने वाली प्रोत्साहन-सहायता यूपीएससी सिविल सेवा की प्रारंभिक परीक्षा की प्रशिक्षण कक्षाओं में प्रवेश लेने के बाद अधिक से अधिक सात महीने के लिए प्रतिमाह 2000 रुपए की प्रोत्साहन सहायता, यूपीएससी सिविल सेवा की प्रारंभिक परीक्षा पास करने वाले युवक को 25,000 रुपए और युवती को 30,000 रुपए की प्रोत्साहन सहायता दी जाती है। यूपीएससी सिविल सेवा की मुख्य परीक्षा पास करने वाले युवक को 25,000 रुपए और युवती को 30,000 रुपए प्रोत्साहन सहायता तथा यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा में अंतिम रूप से चयनित होने वाले गुजरात के डोमिसाइल युवक को 51,000 रुपए और युवती को 61,000 रुपए की प्रोत्साहन सहायता, साथ ही गुजरात के नॉन डोमिसाइल युवक को 21,000 रुपए और युवती को 31,000 रुपए की प्रोत्साहन सहायता भी दी जाती है। ऐसी अत्याधुनिक सुविधाओं के चलते स्पीपा से प्रशिक्षण प्राप्त उम्मीदवारों की सफलता दर लगातार बढ़ती जा रही है। इतना ही नहीं, राज्य सरकार द्वारा संचालित स्पीपा ने यूपीएससी जैसी उच्च परीक्षा के पूर्व प्रशिक्षण के लिए कोचिंग प्रदान करने वाले अन्य दूसरे संस्थानों के नतीजों के समकक्ष नतीजे हासिल करने की उपलब्धि प्राप्त की है। मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल के साथ स्पीपा के सफल उम्मीदवारों की इस मुलाकात के दौरान स्पीपा के महानिदेशक हारित शुक्ला, मुख्यमंत्री के अपर प्रधान सचिव डॉ. विक्रांत पांडे और स्पीपा के उप महानिदेशक चंद्रेश कोटक भी मौजूद रहे। सतीश/14 मार्च