भोपाल(ईएमएस)। मध्यप्रदेश उर्दू अकादमी, मध्यप्रदेश संस्कृति परिषद, संस्कृति विभाग के तत्त्वावधान में उर्दू ड्रामा फ़ेस्टिवल का आयोजन आज दिनाँक 25 मार्च से 28 मार्च, 2026 तक प्रतिदिन सायं 7.00 बजे से जनजातीय संग्रहालय सभागार, श्यामला हिल्स, भोपाल में किया जाएगा। उर्दू अकादमी की निदेशक डॉ नुसरत मेहदी ने उर्दू ड्रामा फ़ेस्टिवल के बारे में जानकारी देते हुए कहा कि इस चार दिवसीय नाट्य उत्सव में विविध विषयों पर आधारित उर्दू नाटकों का मंचन किया जाएगा, जो समाज, परिवार और मानवीय मूल्यों से जुड़े महत्वपूर्ण प्रश्नों को उठाते हैं। उद्घाटन दिवस, 25 मार्च को प्रस्तुत होने वाला नाटक “नज़ीरनामा” महान शायर नज़ीर अकबराबादी के जीवन और उनके मानवीय दृष्टिकोण को प्रस्तुत यह नाट्य-प्रयोग सामाजिक समरसता, इंसानी एकता और साझा सांस्कृतिक विरासत के भाव को रेखांकित करता है। इस नाटक का लेखन, निर्देशन एवं परिकल्पना बिशना चौहान द्वारा किया गया है एवं संगीत श्रुति धर्मेश का है। दूसरे दिन 26 मार्च, 2026 को सायं 7.00 बजे अदाकार, भोपाल द्वारा नाटक जल कुकड़े का मंचन होगा जिसके लेखक हैं रफ़ी शब्बीर, डिज़ाइन एवं निर्देशन है फ़र्रुख़ शेर ख़ान का और संगीत रहेगा श्रुति धर्मेश का। ड्रामा फ़ेस्टिवल के तीसरे दिन 27 मार्च, 2026 सायं 7.00 बजे भोपाल थियेटर्स, भोपाल की प्रस्तुति छोटी बड़ी बातें-9 के अंतर्गत लघु नाटकों आख़िर तुम्हें आना है ज़रा देर लगेगी, अटेची कैस एवं कुछ तो कहिये का मंचन होगा। इसके निर्देशक हैं प्रख्यात अभिनेता एवं कलाकार राजीव वर्मा एवं लेखक हैं रिशा गुप्ता, रज़िया सज्जाद जहीर एवं राजेन्द्र कुमार शर्मा और संगीत रहेगा उमेश तरकसवार का। नाट्य समारोह के आख़िरी दिन 28 मार्च, 2026 सायं 7.00 बजे रंगशीर्ष संस्था, भोपाल द्वारा हसीना मान जाएगी नाटक का मंचन होगा जिसमें निर्देशन रहेगा वरिष्ठ रंगमंच कलाकार संजय मेहता का। इसके लेखक हैं पियर द बोमर्शिये एवं इसका नाट्य रूपांतरण जे.एन. कौशल द्वारा किया गया है। उर्दू ड्रामा फ़ेस्टिवल में प्रवेश निशुल्क रहेगा। डॉ नुसरत मेहदी ने भोपाल के सभी कला एवं प्रेमियों से कार्यक्रम में उपस्थित होने का आग्रह किया है। हरि प्रसाद पाल / 24 मार्च, 2026