मुंबई (ईएमएस)। बॉलीवुड के तीनों खान, शाहरुख खान, आमिर खान और सलमान खान आज भले ही सुपरस्टार हो, लेकिन इनके जीवन में ऐसे दौर भी आए जब फिल्में दर्शकों को प्रभावित करने में असफल रहीं। ऐसे दौर में दक्षिण भारतीय फिल्म निर्देशकों ने इन सुपरस्टार्स को वापसी करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, उन्हें ब्लॉकबस्टर फिल्में देकर एक बार फिर इंडस्ट्री में स्थापित किया। यह ट्रेंड न केवल साउथ सिनेमा के बढ़ते प्रभाव को दर्शाता है, बल्कि हिंदी फिल्म उद्योग में भी अंतर-क्षेत्रीय सहयोग की अहमियत को उजागर करता है। 90 के दशक से लेकर अब तक अपनी लोकप्रियता का लोहा मनवाने वाले इन अभिनेताओं के लिए 2010 के दशक के उत्तरार्ध और 2020 के दशक की शुरुआत का समय मुश्किलों भरा रहा। जहां एक ओर नए चेहरे और अलग तरह की कहानियां सामने आ रही थीं, वहीं खानों की पारंपरिक फॉर्मूला फिल्में अपेक्षित प्रदर्शन नहीं कर पा रही थीं। ऐसे में, साउथ के फिल्ममेकर्स की सूझबूझ और उनकी कहानियों के सफल अनुकूलन ने इन सितारों के करियर को नया जीवन दिया। आमिर खान, जो अपने परफेक्शनिस्ट अंदाज और चुनिंदा फिल्मों के लिए जाने जाते हैं, ने भी करियर के एक ऐसे पड़ाव का सामना किया था जहां उनकी फिल्मों का जादू थोड़ा फीका पड़ रहा था। वर्ष 2008 में आई उनकी फिल्म गजनी ने बॉक्स ऑफिस पर तहलका मचा दिया। इस फिल्म का निर्देशन साउथ के विख्यात निर्देशक ए.आर. मुरुगादॉस ने किया था, जिन्होंने इसी नाम से बनी अपनी ही तमिल फिल्म का हिंदी रीमेक बनाया था। गजनी की अभूतपूर्व सफलता ने आमिर के करियर को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाया, जिसके बाद उन्होंने 3 इडियट्स और पीके जैसी यादगार फिल्में दीं। शाहरुख खान ने 2018 में जीरो की असफलता के बाद लगभग पांच साल का लंबा ब्रेक लिया था, जिससे उनके फैंस निराश थे। इस ब्रेक के दौरान, साउथ के प्रतिभाशाली निर्देशक एटली ने उन्हें जवान की कहानी सुनाई। 2023 में रिलीज हुई इस फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर सारे रिकॉर्ड तोड़ दिए और शाहरुख के करियर की सबसे बड़ी हिट फिल्मों में से एक बन गई। हालांकि उसी साल पठान भी सफल रही थी, लेकिन एटली के निर्देशन में बनी जवान ने उन्हें सर्वश्रेष्ठ अभिनेता का राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार भी दिलवाया, जो उनके करियर के लिए एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित हुआ। सलमान खान भी पिछले कुछ सालों से बॉक्स ऑफिस पर संघर्ष कर रहे हैं, उनकी पिछली फिल्में जैसे किसी का भाई किसी की जान दर्शकों की उम्मीदों पर खरी नहीं उतरीं। हालांकि, उन्होंने भी पहले ए.आर. मुरुगादॉस के साथ सिकंदर जैसी एक एक्शन फिल्म की थी, जो दर्शकों को कुछ खास पसंद नहीं आई थी और निर्देशक ने कथित तौर पर सेट पर सलमान के देर से आने की शिकायत भी की थी। अब, सलमान एक बार फिर साउथ के जाने-माने निर्देशक वामशी पेडिपल्ली के साथ हाथ मिला रहे हैं। साउथ के प्रसिद्ध निर्माता दिल राजू द्वारा निर्मित यह एक पैन-इंडिया फिल्म होगी, जिसका अस्थायी नाम दिल दिमाग जिगर बताया जा रहा है। सुदामा/ईएमएस 11 अप्रैल 2026