मुंबई,(ईएमएस)। बॉलीवुड अभिनेत्री करीना कपूर खान एक बार फिर सुर्खियों में हैं, लेकिन इस बार वजह उनकी कोई फिल्म नहीं बल्कि मुंबई एयरपोर्ट का एक वीडियो है। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे इस वीडियो में करीना कपूर सुरक्षा जांच (सिक्योरिटी चेक) के दौरान लंबी कतार को छोड़कर सीधे सिक्योरिटी गेट की ओर जाती दिख रही हैं। इस वीडियो के सामने आने के बाद इंटरनेट पर सेलिब्रिटी प्रिविलेज यानी मशहूर हस्तियों को मिलने वाले विशेषाधिकारों को लेकर एक नई बहस शुरू हो गई है। वीडियो वायरल होते ही माइक्रोब्लॉगिंग प्लेटफॉर्म एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर प्रतिक्रियाओं की बाढ़ आ गई। कई उपयोगकर्ताओं ने करीना के इस व्यवहार पर नाराजगी जताई और इसे आम नागरिकों के साथ नाइंसाफी करार दिया। एक यूजर ने पोस्ट करते हुए लिखा कि करीना कपूर ने कतार तोड़कर सीधे गेट पर पहुंचकर नियमों का उल्लंघन किया है। यूजर ने सवाल उठाया कि सेलिब्रिटी को यह विशेषाधिकार किसने दिया, जबकि अन्य यात्रियों की उड़ानें भी उतनी ही जरूरी होती हैं। कुछ लोगों ने इसे अहंकार बताया और सरकारी अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े किए। हालांकि, बहस के बीच कई लोग करीना कपूर के बचाव में भी उतरे। सोशल मीडिया पर एक वर्ग ने स्पष्ट किया कि अधिकांश अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों पर पेड वीआईपी सर्विस (सशुल्क वीआईपी सेवा) उपलब्ध होती है। इस सेवा के तहत कोई भी यात्री एक निश्चित शुल्क (जैसे 6,000 रुपये) देकर एक्सप्रेस सुरक्षा जांच और त्वरित क्लियरेंस की सुविधा प्राप्त कर सकता है। समर्थकों का तर्क है कि यह कोई फ्री कल्चर नहीं बल्कि एक वैध व्यवसायिक सेवा है, जिसे करीना ने संभवतः खरीदा होगा। कुछ उपयोगकर्ताओं ने यह भी कहा कि जब राजनेताओं या क्रिकेटरों को ऐसी सुविधाएं मिलती हैं, तब कोई विरोध नहीं होता, लेकिन एक अभिनेत्री के मामले में समानता की बात उठाना गलत है। इस विवाद ने देश में कतार संस्कृति और सेलिब्रिटी सुरक्षा पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। कुछ समर्थकों का मानना है कि सेलिब्रिटी अक्सर भीड़ और सुरक्षा कारणों से आम कतारों से बचते हैं। फिलहाल इस पूरे विवाद पर करीना कपूर खान की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। यह घटना एक बार फिर भारत में सार्वजनिक स्थलों पर मिलने वाली विशेष सुविधाओं और आम जनता की उनके प्रति धारणा के बीच के बड़े अंतर को उजागर करती है। वीरेंद्र/ईएमएस/14अप्रैल2026