राष्ट्रीय
07-Jun-2026
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-इंडोनेशियाई विदेश मंत्री ने की भारतीय मेहमाननवाजी की तारीफ -भारत-इंडोनेशिया संयुक्त आयोग की 8वीं बैठक में रक्षा, समुद्री सुरक्षा, व्यापार और रणनीतिक साझेदारी पर हुई व्यापक चर्चा नई दिल्ली,(ईएमएस)। भारत और इंडोनेशिया के बीच द्विपक्षीय संबंधों को नई गति देने के उद्देश्य से रविवार को नई दिल्ली में भारत-इंडोनेशिया संयुक्त आयोग (जॉइंट कमीशन) की 8वीं बैठक आयोजित की गई। बैठक में दोनों देशों के बीच राजनीतिक, रक्षा, समुद्री सुरक्षा, व्यापार, निवेश, स्वास्थ्य, शिक्षा और सांस्कृतिक सहयोग जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर व्यापक चर्चा हुई। बैठक की संयुक्त अध्यक्षता भारत के विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर और इंडोनेशिया के विदेश मंत्री सुगियोनो ने की। इस दौरान इंडोनेशियाई विदेश मंत्री ने भारत की मेहमाननवाजी की सराहना करते हुए कहा कि उन्हें यहां हमेशा विशेष सम्मान और अपनापन महसूस होता है। उन्होंने मुस्कुराते हुए कहा, “मैं कुछ सप्ताह पहले भी नई दिल्ली आया था और आगे भी भारत आने का कोई न कोई बहाना ढूंढता रहूंगा।” उनके इस बयान ने बैठक के दौरान सौहार्दपूर्ण माहौल को और मजबूत किया। बैठक के उद्घाटन सत्र में विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने कहा कि चार वर्षों के अंतराल के बाद आयोजित हो रही यह संयुक्त आयोग बैठक दोनों देशों के संबंधों को नई दिशा देने का अवसर है। उन्होंने याद दिलाया कि वर्ष 2025 में भारत और इंडोनेशिया ने अपने राजनयिक संबंधों की 75वीं वर्षगांठ मनाई थी। साथ ही उन्होंने इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो की भारत यात्रा और 76वें गणतंत्र दिवस समारोह में उनकी मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थिति का उल्लेख करते हुए कहा कि इससे दोनों देशों की व्यापक रणनीतिक साझेदारी को नई ऊर्जा मिली है। जयशंकर ने कहा कि भारत और इंडोनेशिया हिंद-प्रशांत क्षेत्र के दो महत्वपूर्ण साझेदार हैं और दोनों देशों के बीच सहयोग के अनेक क्षेत्र मौजूद हैं। उन्होंने रक्षा एवं सुरक्षा, समुद्री सहयोग, खाद्य सुरक्षा, स्वास्थ्य सेवाओं, फार्मास्यूटिकल्स, पर्यटन, शिक्षा तथा सांस्कृतिक आदान-प्रदान जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर जोर दिया। इंडोनेशियाई विदेश मंत्री सुगियोनो ने कहा कि 2022 के बाद आयोजित यह बैठक दोनों देशों के बीच सहयोग की प्रगति की समीक्षा करने और भविष्य की दिशा तय करने का महत्वपूर्ण अवसर है। उन्होंने उम्मीद जताई कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो के बीच हुई चर्चाओं के परिणामों को आगे बढ़ाने में यह बैठक अहम भूमिका निभाएगी। उल्लेखनीय है कि भारत और इंडोनेशिया के बीच संयुक्त आयोग तंत्र की स्थापना वर्ष 2001 में एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) के तहत की गई थी। इससे पहले सातवीं संयुक्त आयोग बैठक जून 2022 में नई दिल्ली में आयोजित हुई थी। दोनों देशों ने इस बार भी रणनीतिक साझेदारी को ठोस परिणामों में बदलने और क्षेत्रीय सहयोग को मजबूत बनाने की प्रतिबद्धता दोहराई। हिदायत/ईएमएस 07जून26