जबलपुर, (ईएमएस)। राज्यसभा चुनाव में मध्यप्रदेश की तीनों सीटों पर भाजपा प्रत्याशियों के निर्विरोध निर्वाचन के बाद कांग्रेस द्वारा मीनाक्षी नटराजन के नामांकन निरस्त होने को नारी सम्मान से जोड़ने के प्रयास पर भाजपा महिला मोर्चा ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। भाजपा महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष श्रीमती अश्वनी परांजपे ने शुक्रवार को रानीताल स्थित भाजपा कार्यालय में आयोजित पत्रकार वार्ता में कहा कि यह मामला किसी महिला के साथ अन्याय का नहीं, बल्कि नामांकन प्रक्रिया में तथ्यों को छिपाने और कांग्रेस की राजनीतिक विफलता से जुड़ा है। इस दौरान प्रदेश मीडिया सह प्रभारी श्रीकांत साहू और महिला मोर्चा महानगर अध्यक्ष आत्मिका सिंह भी मौजूद रहीं। श्रीमती परांजपे ने आरोप लगाया कि तेलंगाना में कांग्रेस नेता कुंभम शिवकुमार रेड्डी पर एक महिला कार्यकर्ता द्वारा लगाए गए शोषण और धमकी के आरोपों के मामले में मीनाक्षी नटराजन की भूमिका को लेकर भी सवाल उठे थे। उन्होंने कहा कि संबंधित न्यायालयीन प्रक्रिया और समन से जुड़ी जानकारी का उल्लेख नामांकन पत्र में नहीं किया गया, जिसके कारण नामांकन निरस्त हुआ। भाजपा नेता ने कांग्रेस से महिला कार्यकर्ता की शिकायतों, संगठन की भूमिका और कथित तौर पर तथ्यों को छिपाने को लेकर जवाब मांगा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को महिला सम्मान पर सवाल उठाने से पहले अपने नेताओं के आचरण और महिलाओं से जुड़े मामलों में अपनाए गए रवैये पर आत्ममंथन करना चाहिए। श्रीमती परांजपे ने दावा किया कि यह मामला चुनावी प्रक्रिया में पारदर्शिता और जवाबदेही से जुड़ा है। उन्होंने कहा कि सर्वोच्च न्यायालय द्वारा कांग्रेस की याचिका खारिज किए जाने से भाजपा की आपत्तियों को भी न्यायोचित आधार मिला है। भाजपा ने इसे कांग्रेस के कथित दोहरे राजनीतिक चरित्र का उदाहरण बताया। सुनील साहू / शहबाज / 12 जून 2026/ 07.00