-मनरेगा का नाम बदलने के विरोध प्रदर्शन में कांग्रेस के मतभेद फिर आए सामने बैंगलुरु,(ईएमएस)। कर्नाटक में मनरेगा के नाम बदलने और केंद्र सरकार की नीतियों के खिलाफ चल रहे विरोध प्रदर्शन के दौरान पार्टी के अंदर चल रहे मतभेद उभरकर सामने आ गए हैं। प्रदर्शन में जब सीएम सिद्धारमैया मंच पर भाषण देने पहुंचे तो वहां मौजूद भीड़ ने डीके शिवकुमार के समर्थन में नारेबाजी शुरू कर दी, इसकी वजह से उन्हें भाषण रोकना पड़ा। और वह नाराज हो गए। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक कांग्रेस मनरेगा नाम बदल कर वीबी जी राम जी करने पर केंद्र की बीजेपी सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर रही है। कांग्रेस ने बीजेपी पर मनरेगा को खत्म करने का आरोप लगाया है। इसी क्रम में मंगलवार को कर्नाटक कांग्रेस ने केंद्र सरकार द्वारा मनरेगा का नाम बदलने के विरोध में विशाल प्रदर्शन का आयोजन किया। इस कार्यक्रम में जैसे ही सीएम सिद्धारमैया मंच पर पहुंचे, तभी भीड़ ने डिप्टी सीएम डीके शिवकुमार के समर्थन में डीके-डीके के नारे लगाने शुरू कर दिया। इस शोर-शराबे के कारण सिद्धारमैया को अपना संबोधन बीच में ही रोकना पड़ा, उन्होंने भीड़ को चुप रहने को कहा। पार्टी कार्यकर्ताओं के इस व्यवहार ने मंच पर मौजूद अन्य वरिष्ठ नेता भी हैरान रह गए। बता दें कर्नाटक कांग्रेस में सीएम सिद्धारमैया और डिप्टी सीएम डीके शिवकुमार के बीच लंबे वक्त से तनाव की खबरें सामने आती रही हैं। डीके को राज्य में मजबूत संगठनात्मक नेता माना जाता है, जबकि सिद्धारमैया अनुभवी प्रशासक हैं। पिछले कुछ महीनों में कई मौकों पर डीके के समर्थकों द्वारा डीके सीएम या डीके... डीके... के नारे लगाए गए हैं, जिसे सिद्धारमैया समर्थक पार्टी में असंतुलन का संकेत मानते हैं। हालांकि, डीके और सिद्धारमैया ने हालही में साफ करते हुए कहा था कि उनके बीच कोई मतभेद नहीं है। सिराज/ईएमएस 27जनवरी26