अंतर्राष्ट्रीय
30-Jan-2026
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इस्लामाबाद,(ईएमएस)। पाकिस्तान और बांग्लादेश के बीच कूटनीतिक और व्यापारिक संबंधों में एक बड़ा बदलाव देखने को मिला है। पिछले 14 वर्षों के लंबे अंतराल के बाद दोनों देशों के बीच सीधी हवाई सेवा गुरुवार को फिर से बहाल हो गई। बांग्लादेश की राजधानी ढाका से रवाना हुआ एक यात्री विमान गुरुवार शाम पाकिस्तान के कराची स्थित जिन्ना अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर उतरा। इस लैंडिंग के साथ ही दोनों दक्षिण एशियाई देशों के बीच एक दशक से भी अधिक समय से टूटा हुआ सीधा हवाई संपर्क फिर से स्थापित हो गया है। पारंपरिक स्वागत और उड़ान का विवरण एयरपोर्ट अथॉरिटी के अनुसार, बिमान बांग्लादेश एयरलाइंस की फ्लाइट (बीजी-341) गुरुवार को ढाका से उड़ान भरकर कराची पहुंची। कराची हवाई अड्डे पर विमान के उतरते ही उसका भव्य स्वागत किया गया और पारंपरिक वाटर सैल्यूट दिया गया। अधिकारियों ने इस घटनाक्रम को ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि यह पिछले 14 सालों में ढाका से कराची के बीच पहली सीधी उड़ान है। इसे दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय संबंधों में एक नए अध्याय की शुरुआत के रूप में देखा जा रहा है। सूत्रों के मुताबिक, एयरलाइंस फिलहाल ढाका और कराची के बीच सप्ताह में दो बार अपनी सेवाएं संचालित करेगी। फिलहाल एयरलाइंस को 30 मार्च तक का अस्थायी लाइसेंस दिया गया है, ताकि इस अवधि के दौरान परिचालन और अन्य स्थितियों का जायजा लिया जा सके। इसके बाद ही भविष्य की उड़ानों को लेकर स्थायी अनुमति पर विचार किया जाएगा। भारत ने एयरस्पेस के उपयोग पर लिया संज्ञान भारत सरकार का रुख और निगरानी इस बीच, भारत सरकार ने स्पष्ट किया है कि वह इस पूरे घटनाक्रम से पूरी तरह अवगत है और स्थिति पर निरंतर नजर बनाए हुए है। विदेश राज्य मंत्री कीर्ति वर्धन सिंह ने गुरुवार को राज्यसभा में एक प्रश्न के लिखित उत्तर में यह जानकारी साझा की। उनसे पूछा गया था कि क्या सरकार को ढाका और पाकिस्तान के बीच सीधी वाणिज्यिक उड़ानें शुरू होने की रिपोर्टों की जानकारी है। इसके जवाब में मंत्री ने पुष्टि की कि भारत सरकार ने इस मार्ग पर सीधी उड़ानें शुरू करने के प्रस्ताव का संज्ञान लिया है। समझौते का दिया हवाला भारतीय हवाई क्षेत्र का उपयोग भारतीय हवाई क्षेत्र (एयरस्पेस) के इस्तेमाल को लेकर पूछे गए सवाल पर विदेश मंत्रालय ने स्पष्ट किया कि ऐसे अनुरोधों को स्थापित नियमों के तहत देखा जाता है। सिंह ने बताया कि 1978 में भारत और बांग्लादेश के बीच हुए द्विपक्षीय वायु सेवा समझौते के प्रावधानों के अनुरूप, भारतीय अधिकारियों ने उड़ान संबंधी अनुरोध को सभी तकनीकी और सुरक्षा पहलुओं पर विचार करने के बाद ही निपटाया है। भारत इस क्षेत्र में हो रही रणनीतिक हलचलों पर अपनी सावधानीपूर्वक निगरानी जारी रखे हुए है। वीरेंद्र/ईएमएस/30जनवरी2026