- दान देने के पर यूपी के एक ट्रस्ट अध्यक्ष को भोपाल बुलाकर होटल में बंधक बनाया - ट्रस्ट के नाम से बैंक में खुले खाते की जानकारी देने के लिये की मारपीट - गिरोह में शामिल छतरपुर, नर्मदापुरम, भोपाल के पॉच आरोपी गिरफ्तार भोपाल(ईएमएस)। देहता इलाके की ईटखेड़ी पुलिस की सक्रियता से एक ऐसे अंतरराज्यीय सायबर ठग गिरोह का खुलासा हुआ है, जो सायबर गिरोह को बैंक खाते बेचने और उन्हें संचालित करने का काम करते है। सायबर फ्रॉड गिरोह ने दान देने का झासां देकर यूपी के एक ट्रस्ट अध्यक्ष और उसके सहयोगी को भोपाल बुलाकर होटल में बंधक बना लिया। इसके बाद ट्रस्ट के नाम से बैंक में खुले एकांउट की जानकारी हासिल करने के लिये उनके साथ मारपीट भी की। - ऐसे चढ़े पुलिस के हत्थे होटल में बधंक मिले राष्ट्र रक्षा मंच के अध्यक्ष थाना ईटखेड़ी पुलिस को बीते दिन मुखबिर से सूचना मिली की इलाके में स्थित मारुति पैलेस होटल में कुछ युवक दो कमरों में ठहरे हुए हैं, जिनकी गतिविधियाँ संदिग्ध लग रही हैं। खबर मिलने पर उसकी तस्दीक के लिये पुलिस टीम होटल पहुंची। जांच के दौरान वहॉ मिले ओमप्रकाश वर्मा पिता रामनयन वर्मा (62) से पूछताछ करेन पर उन्होनें बताया की वह ग्राम परसनका पुरा, थाना इब्राहिमपुर, जिला अम्बेडकर नगर (यूपी) के रहने वाले है, और राष्ट्र रक्षा मंच (ट्रस्ट) के अध्यक्ष है। उन्होनें आगे बताया की 16 जनवरी 26 को उनके मोबाइल नंबर पर एक व्यक्ति द्वारा स्वयं को जी-8 कंपनी का मैनेजर बताकर संपर्क किया गया। उसने बताया की उसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म फेसबुक के माध्यम से उनके ट्रस्ट की जानकारी मिली है, इसके बाद उसने ट्रस्ट में दान देने का झांसा दिया। - दान में काफी पैसा देने के लिय भोपाल बुलाया आरोपी ने फरियादी ओमप्रकाश वर्मा दान में काफी पैसा देने की बात कहकर भोपाल आने को कहा। उसके झांसे में आकर 26 जनवरी को फरियादी अपने सहयोगी सुखदेव वर्मा के साथ भोपाल आ गये और यहॉ स्टेशन के पास भोपाल लॉज, बजरिया में ठहर गये। उनके आने के बाद आरोपियो ने दान देने वाले से मिलवाने के बहाने 27 जनवरी से 30 जनवरी तक उन्हें आरकुस होटल, कोलार में रुकवाया। - अपने साथ होटल ले गये बंधक बनाकर की मारपीट इसके बाद 30 जनवरी को आरोपी मनीष, सनित, जितेन्द्र और रविंद्र नामक युवक अपने साथ मारुति पैलेस होटल, ईटखेड़ी ले गये और यहॉ दो रूम मे ठहराते हुए खुद भी ठहरे। आरोपियो ने ओमप्रकाश को बताया की दानकर्ता सुबह आएगा। कई दिन रुकने के बाद भी जब अगली सुबह दानकर्ता नहीं आया तब फरियादी ने वापस लौटने की बात कही। - होटल से नहीं जाने दिया, बंधक बनाकर पीटा लेकिन आरोपियों ने उन्हें रोक लिया और अश्लील गालियां देते हुए खुद को सायबर फ्रॉड करने वाला बताते हुए 10 हजार रुपये और ट्रस्ट के नाम से बैंक खाते में खुले एकाउंट की जानकारी देने को कहा। फरियादी के इंकार करने पर आरोपी मनीष पटेल उनके साथ होटल के कमरे में बंद कर मारपीट करते हुए जान से मारने की धमकी दी। इसके बाद उसके अन्य साथी सत्यम, तनिष्क एवं चरनप्रीत सरदार भी मौके पर पहुंचे। सभी ने खाते बेचने एवं संचालित करने की बात कहते हुए फरियादी के बैंक खाते की जानकारी लेने की जर्बदस्ती की। - छतरपुर, नर्मदापुरम, भोपाल के है गिरफ्तासर आरोपी पुलिस ने फरियादी की शिकायत पर मौके पर मौजूद पॉच आरोपियो के खिलाफ धारा 296(बी), 119(1), 127(1), 351(3), 61(2) बीएनएस के तहत मामला कायम कर उन्हें गिरफ्तार किया है। आरोपियो की पहचान मनीष पटेल पिता टीकाराम पटेल (37), निवासी ईडब्ल्यूएस, दृष्टि सिटी, कोलार, जिला भोपाल, जितेन्द्र पटेल पिता शिवप्रसाद पटेल (27), निवासी, ग्राम मनगवा, महराजपुर, जिला छतरपुर, सत्यम उर्फ शरद बरगले पिता बसंत बरगले (19), निवासी, फॉरेस्ट डिपार्टमेंट के पास, तीन मंदिर, इटारसी, जिला नर्मदापुरम, तनिष्क अवस्थी पिता सुशील कुमार अवस्थी, निवासी सूरजगंज मोहल्ला, इटारसी, जिला नर्मदापुरम और चरनप्रीत सिंह पिता मुरप्रीत सिंह (26) निवासी जाटखेड़ी, थाना मिसरोद, भोपाल के रुप में हुई है। - मनीष के पैन कार्ड पर देश के कई राज्यो में दर्ज है 31 सायबर फ्रॉड के मामले आरोपियो की गिरफ्तारी के आद जब पुलिस ने गिरोह से बरामद दस्तावेजों की जांच की, तब हैरानी वाला खुलासा हुआ की आरोपी मनीष पटेल के पैन कार्ड के आधार पर दिल्ली, महाराष्ट्र, राजस्थान सहित अन्य राज्यों में 31 सायबर फ्रॉड शिकायतें दर्ज होना सामने आई है। इसकी जानकारी राज्य सायबर सेल एवं जिला सायबर सेल को भी भेजी गई है। गिरफ्तार आरोपियो को पुलिस ने कोर्ट में पेश कर रिमांड पर लिया है। गिरोह से सायबर फ्रॉड नेटवर्क के संबंध में आगे की पूछताछ करने के साथ ही उनका आपराधिक रिकॉर्ड जुटाया जा रहा है। जुनेद / 1 फरवरी