‘आईटी इमपिलेमेंशन फॉर गवर्नेंस, पव्लिक सर्विस डिलेवरी अवॉर्ड से सम्मानित भोपाल(ईएमएस)। डिजिटल गवर्नेंस, तकनीक आधारित पुलिसिंग एवं नागरिक सेवा वितरण प्रणाली को सुदृढ़ बनाने के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करते हुए मध्यप्रदेश पुलिस को राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिष्ठित ‘आईटी इमपिलेमेंशन फॉर गवर्नेंस, पव्लिक सर्विस डिलेवरी अवॉर्ड से सम्मानित किया गया है। यह सम्मान दा इंडियन एक्सप्रेस ग्रुप द्वारा आयोजित टेक्नोलॉजी सभा अवार्ड समारोह में सूचना प्रौद्योगिकी के प्रभावी क्रियान्वयन, नवाचार आधारित प्रशासनिक सुधार तथा नागरिक-केंद्रित सेवाओं को बढ़ावा देने हेतु प्रदान किया गया। यह पुरस्कार मध्यप्रदेश पुलिस की ओर से अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक, राज्य अपराध अभिलेख ब्यूरो (एसआरबी) जयदीप प्रसाद द्वारा पुलिस महानिदेशक, मध्यप्रदेश कैलाश मकवाणा के मार्गदर्शन एवं नेतृत्व में प्राप्त किया गया। समारोह में यह सम्मान एक्सप्रेस कम्प्यूटर के एडिटर आर.पी. श्रीकांत द्वारा प्रदान किया गया। डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन के माध्यम से सेवा वितरण में सुधार मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा सूचना प्रौद्योगिकी को पुलिस कार्यप्रणाली के विभिन्न आयामों में समाहित करते हुए नागरिक सेवाओं को अधिक पारदर्शी, सुलभ, जवाबदेह एवं समयबद्ध बनाया गया है। राज्य में विकसित डिजिटल प्लेटफॉर्म एवं ऑनलाइन सेवाओं के माध्यम से नागरिकों को पुलिस सेवाओं तक आसान एवं त्वरित पहुंच सुनिश्चित की गई है। ऑनलाइन नागरिक पोर्टल, डिजिटल शिकायत पंजीकरण प्रणाली, विभिन्न सत्यापन सेवाएं तथा अन्य नागरिक उन्मुख सुविधाओं के माध्यम से सेवा वितरण प्रक्रिया को सरल एवं प्रभावी बनाया गया है, जिससे आमजन को त्वरित एवं विश्वसनीय सेवाएं प्राप्त हो रही हैं। तकनीक आधारित प्रशासनिक दक्षता एवं पारदर्शिता रिकॉर्ड के डिजिटलीकरण, डेटा इंटीग्रेशन एवं तकनीक आधारित मॉनिटरिंग तंत्र के माध्यम से पुलिस प्रशासन की कार्यकुशलता में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। डेटा आधारित विश्लेषण प्रणाली ने अपराध विश्लेषण, सूचना प्रबंधन तथा निर्णय प्रक्रिया को अधिक वैज्ञानिक एवं परिणामोन्मुख बनाया है। इन पहलों से सेवा प्रदाय प्रणाली में पारदर्शिता बढ़ी है, जवाबदेही सुनिश्चित हुई है तथा नागरिकों एवं पुलिस के बीच विश्वास और सहभागिता को मजबूती मिली है। सुशासन एवं नागरिक-केंद्रित पुलिसिंग की दिशा में पहल मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा अपनाया गया डिजिटल गवर्नेंस मॉडल प्रशासनिक प्रक्रियाओं के सरलीकरण, सेवा वितरण की गति में वृद्धि तथा नागरिक सुविधा को प्राथमिकता देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। तकनीक आधारित समाधान न केवल पुलिस सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार कर रहे हैं, बल्कि शासन प्रणाली को अधिक उत्तरदायी एवं पारदर्शी बनाने में भी सहायक सिद्ध हो रहे हैं। डिजिटल प्लेटफॉर्म के विस्तार से नागरिकों को समयबद्ध सेवाएं उपलब्ध कराने के साथ-साथ संसाधनों के बेहतर प्रबंधन एवं कार्यप्रणाली के मानकीकरण को भी बढ़ावा मिला है। राष्ट्रीय स्तर पर नवाचारों की मान्यता टेक्नोलॉजी सभा अवार्ड देशभर में शासन एवं सार्वजनिक सेवा वितरण में सूचना प्रौद्योगिकी के उत्कृष्ट उपयोग को सम्मानित करने वाला प्रतिष्ठित मंच है। इस मंच पर मध्यप्रदेश पुलिस को प्राप्त यह सम्मान राज्य में लागू डिजिटल पहलों की प्रभावशीलता, नवाचार क्षमता एवं सुशासन के प्रति प्रतिबद्धता का राष्ट्रीय स्तर पर प्रमाण है। स्मार्ट पुलिसिंग की दिशा में निरंतर प्रयास मध्यप्रदेश पुलिस तकनीकी नवाचारों के माध्यम से “स्मार्ट पुलिसिंग”, ई-गवर्नेंस तथा नागरिक-केंद्रित सेवा मॉडल को सशक्त बनाने की दिशा में निरंतर कार्य कर रही है। डिजिटल नवाचारों के माध्यम से पुलिस सेवाओं को आधुनिक, पारदर्शी एवं जनोन्मुख बनाते हुए भविष्य की आवश्यकताओं के अनुरूप पुलिसिंग प्रणाली विकसित की जा रही है। यह सम्मान सम्पूर्ण मध्यप्रदेश पुलिस परिवार के सामूहिक प्रयास, नवाचार भावना एवं जनसेवा के प्रति समर्पण का प्रतीक है। मध्यप्रदेश पुलिस भविष्य में भी तकनीकी उत्कृष्टता एवं नागरिक हित सर्वोपरि के सिद्धांतों के साथ सेवा प्रदान करने हेतु प्रतिबद्ध रहेगी। हरि प्रसाद पाल / 01 मार्च, 2026