-राष्ट्रपति ट्रंप की हत्या की रची थी साजिश, ईरान का लगा बड़ा झटका वाशिंगटन,(ईएमएस)। मिडिल ईस्ट में इजराइली सेना ने एक बेहद सटीक और गुप्त ऑपरेशन में रहमान मोकदम को मार गिराया है जो ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) के विशेष अभियान प्रभाग का सर्वेसर्वा था। मोकदम कोई साधारण सैन्य अधिकारी नहीं था, वह वही शख्स था जिसने 2024 के अमेरिकी राष्ट्रपति चुनाव की पूर्व संध्या पर डोनाल्ड ट्रंप की हत्या का खौफनाक ब्लूप्रिंट तैयार किया था। इस सफल स्ट्राइक के बाद इजराइल ने सीधे ट्रंप से संपर्क कर उन्हें जानकारी दी है। रहमान मोकदम आईआरजीसी के अंदर एक अत्यंत प्रभावशाली और खतरनाक चेहरा था जो विशेष रूप से विदेशों में गुप्त अभियानों और हाई-प्रोफाइल हत्याओं की योजना बनाने के लिए जाने जाते थे1 उनका मारा जाना ईरान के सैन्य और खुफिया तंत्र के लिए एक बहुत बड़ा झटका माना जा रहा है। रहमान मोकदम वह व्यक्ति था जिन्होंने 2024 के अमेरिकी राष्ट्रपति चुनाव से ठीक पहले डोनाल्ड ट्रंप को निशाना बनाने के लिए ‘एजेंट्स’ और ‘स्लीपर सेल्स’ का नेटवर्क तैयार किया था। अमेरिकी न्याय विभाग ने भी पहले ईरान से जुड़े ऐसे कई प्लॉटों का खुलासा किया था। रिपोर्टों के मुताबिक इजराइली खुफिया एजेंसी ने मोकदम की गतिविधियों पर लंबे समय से नजर रखी हुई थी। यह ऑपरेशन उस समय अंजाम दिया गया जब वह एक रणनीतिक बैठक के लिए गुप्त स्थान पर मौजूद थे। इस कार्रवाई ने एक बार फिर इजराइल और ट्रंप के बीच के गहरे कूटनीतिक और सुरक्षा संबंधों को उजागर किया है। इजराइल द्वारा ट्रंप को व्यक्तिगत रूप से सूचित करना यह दर्शाता है कि दोनों पक्ष साझा खतरों के खिलाफ एक ही धरातल पर हैं। मोकदम की मौत से आईआरजीसी के विशेष अभियानों की क्षमता पर गंभीर असर पड़ेगा क्योंकि वह न केवल योजनाकार थे बल्कि विभिन्न क्षेत्रीय प्रॉक्सी समूहों के साथ समन्वय के प्रमुख सूत्रधार भी थे। सिराज/ईएमएस 04मार्च26