राष्ट्रीय
14-Mar-2026


लुधियाना (ईएमएस)। पंजाब के लुधियाना के डाबा इलाके की अमरपुरी कॉलोनी निवासी 21 वर्षीय समरजीत सिंह का शव आठ माह बाद ताबूत में घर पहुंचा। बेहतर रोजगार की तलाश में वह जुलाई 2025 में एजेंटों के जरिए रूस गया था, लेकिन परिवार का आरोप है कि वहां पहुंचने के बाद सिंह को जबरन रूसी सेना में भर्ती कर लिया गया और रूस-यूक्रेन युद्ध के मोर्चे पर भेज दिया गया, जहां उसकी मौत हो गई। परिजनों के अनुसार समरजीत को किसी भी तरह की सैन्य ट्रेनिंग नहीं दी गई थी और सीधे युद्ध क्षेत्र में भेज दिया गया। सितंबर 2025 में उससे आखिरी बार परिवार की बात हुई थी। इसके बाद से वह लापता हो गया था। कई महीनों तक परिवार को उसके बारे में कोई जानकारी नहीं मिली। गुरुवार को उसका शव नई दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर पहुंचा, जहां से लुधियाना लाया गया। शुक्रवार को गमगीन माहौल में उसका अंतिम संस्कार किया गया। अपने बेटे की चिंता के पास खड़े पिता चरणजीत सिंह ने भावुक अपील करते हुए लोगों से कहा कि वे एजेंटों के झांसे में आकर अपने बच्चों को विदेश न भेजें। चरणजीत सिंह अमरपुरी इलाके में एक छोटी किराना दुकान चलाते हैं। उन्होंने कहा, “चाहे आर्थिक हालात कितने भी खराब हों, लेकिन एजेंटों के जरिए विदेश भेजने के लालच में बच्चों की जिंदगी जोखिम में न डालें। मैंने अपना बेटा खो दिया है।” उन्होंने बताया कि बेटे के लापता होने के बाद परिवार ने कई महीनों तक अधिकारियों और नेताओं से मदद की गुहार लगाई। उन्होंने प्रधानमंत्री कार्यालय, केंद्रीय नेताओं, राज्य सरकार के मंत्रियों और स्थानीय विधायकों से संपर्क किया, लेकिन कोई ठोस मदद नहीं मिली। कुछ महीने पहले समरजीत का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर सामने आया था, जिसमें वह रूसी सेना में भर्ती अन्य भारतीय युवकों के साथ दिखाई दे रहा था। वीडियो में उन्होंने मदद की गुहार लगाई थी और कहा था कि उन्हें बिना उचित प्रशिक्षण के युद्ध में भेजा जा रहा है। परिवार का कहना है कि समरजीत सिर्फ घर की आर्थिक स्थिति सुधारने के लिए विदेश गया था। पिता ने कहा कि अगर देश में ही रोजगार मिलता, तो उसका बेटा कभी विदेश नहीं जाता। परिवार का आरोप है कि न तो रूसी अधिकारियों और न ही भारतीय या पंजाब सरकार की ओर से उनसे अब तक कोई संपर्क किया गया है और न ही मुआवजे या मौत की परिस्थितियों के बारे में जानकारी दी गई है। आशीष दुबे /14 मार्च 2026