-साल 2007 में भी हुई थी गिरफ्तारी, दिल्ली, कोलकाता और तमिलनाडु में आतंकी मॉड्यूल तैयार करने की साजिश नई दिल्ली,(ईएमएस)। राजधानी में सुरक्षा एजेंसियों को तक एक बड़ी सफलता हाथ लगी, जबकि सोमवार को दिल्ली पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियों ने लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े कथित आतंकी शब्बीर अहमद लोन को दिल्ली बॉर्डर से गिरफ्तार कर लिया। प्रारंभिक जांच में खुलासा हुआ है कि वह भारत विरोधी गतिविधियों को अंजाम देने के लिए एक व्यापक नेटवर्क तैयार कर रहा था। मीडिया रिपोर्ट में पुलिस सूत्रों के हवाले से बताया गया है, कि शब्बीर अहमद लोन बांग्लादेश में बैठकर अपने नेटवर्क का संचालन कर रहा था और भारत के विभिन्न हिस्सों, विशेष रूप से दिल्ली, कोलकाता और तमिलनाडु में युवाओं की भर्ती की योजना बना रहा था। जांच एजेंसियों का कहना है कि यह पूरा नेटवर्क आईएसआई के इशारों पर काम कर रहा था, जो भारत में अस्थिरता फैलाने की साजिश का हिस्सा है। एक खुफिया जानकारी अनुसार इस मामले में पहले से ही गतिविधियां तेज थीं। काउंटर इंटेलिजेंस कश्मीर (सीआईके) ने 26 मार्च को कश्मीर के तीन जिलों गांदरबल, शोपियां और श्रीनगर में शब्बीर से जुड़े 10 ठिकानों पर छापेमारी की थी। इन तलाशी अभियानों में कई अहम सुराग हाथ लगे, जिनसे इस आतंकी मॉड्यूल के अंतरराष्ट्रीय कनेक्शन उजागर हुए हैं। सीआईके से जुड़े अधिकारियों के मुताबिक, जांच में यह भी सामने आया है कि यह नेटवर्क एक ट्रांजैक्शनल सिस्टम के जरिए संचालित हो रहा था, जिसमें बांग्लादेश और पाकिस्तान में बैठे लश्कर-ए-तैयबा के हैंडलर्स सीधे निर्देश दे रहे थे। फंडिंग और कम्युनिकेशन के लिए भी आधुनिक तकनीकों का इस्तेमाल किया जा रहा था। सुरक्षा एजेंसियां पिछले दो महीनों से शब्बीर की गतिविधियों पर कड़ी नजर रखे हुए थीं। खुफिया इनपुट के आधार पर उसकी लोकेशन ट्रैक की गई और आखिरकार उसे गिरफ्तार कर लिया गया। उल्लेखनीय है कि शब्बीर अहमद लोन को इससे पहले वर्ष 2007 में भी आतंकवाद से जुड़े आरोपों में गिरफ्तार किया गया था। बाद में 2019 में जमानत मिलने के बाद वह बांग्लादेश भाग गया था। फिलहाल सुरक्षा एजेंसियां उससे गहन पूछताछ कर उसके नेटवर्क से जुड़े अन्य संदिग्धों की तलाश में जुटी हैं। अधिकारियों का मानना है कि इस गिरफ्तारी से देश में सक्रिय एक बड़े आतंकी मॉड्यूल का खुलासा हो सकता है। हिदायत/ईएमएस 30मार्च26