- नकली सोना बेचकर ठगी करते थे हरियाणा के ठग जबलपुर, (ईएमएस)। जबलपुर क्राईम ब्रांच और सायबर सेल की टीम ने अंतर्राज्जीय ठग गिरोह को गिरफ्तार कर एक करोड़ 55 लाख रुपए नगद 84 ग्राम असली सोने की गिन्नियां और 20 किलो नकली सोने की गिन्नियां और 11 मोबाइल जब्त किए है| इस गिरोह में एक ही परिवार के सदस्य शामिल हैं जो कटनी में पुलिस के हाथ लगे| ये सभी आरोपी पनागर में किराए का मकान रहकर रहते थे और गड़े धन में मिले सोने को सस्ते में बेचने की लालच देकर लोगों को ठग रहे थे| जबलपुर में दो डॉक्टरों के यहां मरीज बनकर पहुंचे आरोपियों ने एक डॉक्टर को एक करोड़ की और दूसरे डॉक्टर को 50 लाख की चपत लगाई| पुलिस कंट्रोलरुम में पत्रकारों से चर्चा करते हुए पुलिस अधीक्षक संपत उपाध्याय ने बताया कि इन आरोपियों ने 1 अप्रैल को एक डॉक्टर व उसके पुत्र के साथ 50 लाख रुपए की ठगी की थी| वहीं 4 अप्रैल को एक अन्य डॉक्टर के साथ एक करोड़ रुपए की ठगी की थी| पहले मामलें की शिकायत क्राईम ब्रांच के थाने में कराई गई थी| जबकि दूसरे डॉक्टर ने शिकायत ही नहीं कराई थी, आरोपियों ने खुद पूछताछ में खुलासा किया| वीडियो फुटेज और मोबाइल लोकेशन के आधार पर आरोपी पकड़े गए| पुलिस अधीक्षक का कहना है कि झांसी में आरोपियों की गिरफ्तारी हुई, जबकि सूत्रों के मुताबिक आरोपियों की गिरफ्तारी में जबलपुर में पदस्थ रहे एक एडिशनल एसपी की सक्रियता के कारण आरोपी कटनी में पकड़ गया था| दो दिन पनागर थाने में उनसे पूछताछ की गई| पुलिस अधीक्षक ने बताया कि पकड़े गए आरोपियों में 60 साल के पन्नालाल राठौर, और उनके दो पुत्र 34 वर्षीय धर्मेंद्र 30 वर्षीय वीरेंद्र और पत्नी 52 वर्षीय रानमादेवी शामिल हैं ये सभी हरियाणा प्रदेश के फरीदाबाद के निवासी हैं| आरोपियों ने पूछताछ में बताया कि वे यहां पनागर में किराए का मकान लेकर रह रहे है और ठगी की वारदाते शहर में की| आरोपियों की निशानदेही पर किराए के मकान की तलाशी लेकर पुलिस ने 1 करोड़ 55 लाख नगदी 84 ग्राम असली सोने की गिन्नियां और 20 किलो नकली गिन्नियां बरामद की| पुलिस अधीक्षक ने बताया कि आरोपी गड़ा धन मिलने का झांसा देकर असली सोने का सैंपल लोगों को दिखाते थे और सौदा पटने के बाद और विश्वास जमने के बाद नकली सोना पकड़ाकर पैसा लेकर फरार हो जाते है| आरोपियों को रिमांड लेकर अन्य वारदातों के संबंध में पूछताछ की जायेगी| पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ पंजीबद्ध अपराध क्रमांक 3/26 एवं 4/26 तथा 5/26 धारा 318(4), 3(5)बीएनएस के तहत अपराध दर्ज किया गया। आरोपियों को पकड़ने में थाना प्रभारी अपराध शैलेष मिश्रा, उप निरीक्षक प्रभाकर सिंह, सहायक उप निरीक्षक अशोक मिश्रा, संतोष पांण्डेय, प्रधान आरक्षक मनीष सिंह,आदि की सराहनीय भूमिका रही। सुनील साहू / मोनिका / 06 अप्रैल 2026