राष्ट्रीय
24-Apr-2026
...


कोलकाता,(ईएमएस)।पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के पहले चरण में हुए ऐतिहासिक मतदान ने राज्य की राजनीतिक सरगर्मी को चरम पर पहुंचा दिया है। 152 सीटों पर हुए इस मतदान में 92.72 प्रतिशत मतदाताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया, जिसे निर्वाचन आयोग ने आजादी के बाद से अब तक का सर्वाधिक मतदान प्रतिशत बताया है। भारी मतदान के इन आंकड़ों से उत्साहित भारतीय जनता पार्टी को इसमें सत्ता परिवर्तन की लहर नजर आ रही है। इसी उत्साह के बीच केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने उत्तर 24 परगना जिले के मध्यमग्राम में एक विशाल रोडशो के जरिए तृणमूल कांग्रेस पर तीखा प्रहार किया। शाह ने विश्वास जताया कि 4 मई को आने वाले नतीजे राज्य में अराजकता के दौर को समाप्त कर देंगे। रोडशो में उमड़ी भीड़ की तस्वीरें साझा करते हुए उन्होंने इसे महिलाओं के खिलाफ होने वाले अत्याचारों के प्रति जनता का आक्रोश और प्रतिशोध करार दिया और कहा कि सीधा करने में भी देर नहीं लगेगी। रोडशो के दौरान भारी जनसैलाब को संबोधित करते हुए अमित शाह ने विपक्षी दल पर भ्रष्टाचार और गुंडागर्दी के गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कड़े लहजे में चेतावनी देते हुए कहा कि पहले चरण में दीदी के गुंडे घर से बाहर नहीं निकले और उन्हें दूसरे चरण में भी बाहर नहीं आना चाहिए, अन्यथा चुनाव नतीजों के बाद उन पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। गृह मंत्री ने जेस्सोर रोड पर समर्थकों का अभिवादन स्वीकार करते हुए स्पष्ट किया कि भाजपा के सत्ता में आने के बाद पश्चिम बंगाल की सीमाओं को पूरी तरह सुरक्षित किया जाएगा और एक भी घुसपैठिए को प्रवेश की अनुमति नहीं दी जाएगी। मध्यमग्राम में, जहां 29 अप्रैल को मतदान होना है, वहां के चुनावी माहौल ने यह स्पष्ट कर दिया है कि भाजपा इस बार कोई कसर नहीं छोड़ना चाहती। हालांकि मतदान के दौरान हिंसा और डराने-धमकाने की कुछ छिटपुट घटनाएं भी सामने आईं, लेकिन मतदाताओं के अभूतपूर्व प्रतिशत ने पिछले सभी रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। 2011 में रहा 84.72 प्रतिशत मतदान का पिछला रिकॉर्ड अब पीछे छूट गया है, जिसने राज्य में नई राजनीतिक संभावनाओं के द्वार खोल दिए हैं। वीरेंद्र/ईएमएस/24अप्रैल2026