वाशिंगटन,(ईएमएस)। जंग को बच्चों का खेल समझने वाले अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप सामने मौत देखकर इतने डर गए कि मेज के नीचे छिपे दिखाई दिए। व्हाइट हाउस कॉरेस्पोंडेंट्स डिनर के दौरान जब राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और उपराष्ट्रपति जेडी वेंस मंच पर मौजूद थे, तभी अचानक गूंजी गोलियों की आवाजों ने वहां मौजूद पत्रकारों, हॉलीवुड हस्तियों और राजनेताओं के होश उड़ा दिए। पल भर में हंसी-मजाक का माहौल भयानक चीख-पुकार और भगदड़ में बदल गया। जैसे ही पहली गोली चली, सुरक्षाकर्मी नीचे झुकें! और रास्ते से हटें! चिल्लाते हुए हॉल में दौड़ पड़े, जिससे वहां मौजूद मेहमानों के बीच अपनी जान बचाने की होड़ मच गई। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि उस समय वेटर अगले कोर्स का खाना परोसने की तैयारी कर रहे थे, लेकिन गोलियों की गूंज सुनते ही हर तरफ अफरा-तफरी मच गई। महंगे गाउन और सूट पहने मेहमान जान बचाने के लिए डिनर टेबल के नीचे दुबक गए। भागदौड़ के कारण मेजों पर सजी वाइन की बोतलें और कांच के गिलास फर्श पर गिरकर चकनाचूर हो गए, जिससे पूरे बॉलरूम में कांच और शराब बिखर गई। सीक्रेट सर्विस के एजेंट बिजली की गति से मंच पर पहुंचे और राष्ट्रपति ट्रंप व उनकी पत्नी को सुरक्षित घेरे में लेकर बाहर की ओर भागे। उस वक्त हॉल के भीतर का दृश्य इतना डरावना था कि लोग एक-दूसरे के ऊपर गिर रहे थे और रास्ते के लिए चिल्ला रहे थे। होटल के भीतर फंसे मेहमानों के लिए वे कुछ मिनट किसी बुरे सपने जैसे थे। मंच से लगातार घोषणाएं की जा रही थीं कि कोई भी बाहर न निकले, जबकि बाहर का नजारा और भी तनावपूर्ण था। व्हाइट हाउस के पास के पूरे इलाके को नेशनल गार्ड और पुलिस ने घेर लिया था और आसमान में मंडराते हेलिकॉप्टरों के शोर ने दहशत को और बढ़ा दिया था। अमेरिकी अटॉर्नी जीनिन पिरो ने अंदर के हालात बयां करते हुए कहा कि गोलियों के बाद उन्हें तुरंत बाहर ले जाया गया और अब पूरी इमारत सीक्रेट सर्विस के कब्जे में है। करीब आधे घंटे के भारी सस्पेंस और डर के बाद राष्ट्रपति ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर पोस्ट कर जानकारी दी कि हमलावर पकड़ा गया है और वे सुरक्षित हैं। हालांकि हमलावर के पकड़े जाने के बाद भी होटल के भीतर सन्नाटा और दहशत कम नहीं हुई। टूटे हुए गिलास, बिखरा हुआ खाना और टेबल के नीचे छिपे सहमे हुए लोग इस बात की गवाही दे रहे थे कि सुरक्षा में हुई एक चूक ने दुनिया की सबसे सुरक्षित मानी जाने वाली जगहों में से एक को पल भर में श्मशान जैसी खामोशी और खौफ से भर दिया था। वीरेंद्र/ईएमएस/26अप्रैल2026