लखनऊ (ईएमएस)। रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (आरसीबी) के ऑलराउंडर क्रुणाल पांड्या ने कहा है कि आजकल जिस प्रकार से टी20 प्रारुप में बल्लेबाज नियमों का लाभ उठाते हुए आक्रामक बल्लेबाजी कर रहे हैं। उसे देखते हुए गेंदबाजों को भी विविधता अपनानी पड़ेगी तभी वे मुकाबले में टिक पायेंगे। क्रुणाल ने कहा, अगर आप पिछले एक दशक से आईपीएल को करीब से देख रहे हैं, तो अपने देखा होगा कि बल्लेबाजों की आक्रामकता में तेजी आई है। आज पावर-हिटिंग लगातार विकसित हो रही है और नए जमाने के बल्लेबाज आसानी से बड़े शॉट लगा रहे हैं। ऐसे में गेंदबाज के रूप में, आपको विविधत लाते हुए नये प्रयोग करते रहने होंगे। नये प्रकार के अस्त्र लाकर ही गेंदबाज हावी हो सकते हैं। इसके लिए उन्हे बल्लेबाजों से एक कदम आगे रहना होगा। । इसी कारण उन्होंने वह बाउंसर और यॉर्कर जैसी गेंदों फेंकने लगे हैं। इस सीजन में अब तक 9 विकेट लेने वाले और आईपीएल में कुल 100 विकेट का आंकड़ा पार कर चुके क्रुणाल ने मुंबई इंडियंस और लखनऊ सुपर जायंट्स के लिए खेलते हुए अपने को प्रासंगिक बनाए रखा है। एक स्पिनर होने के बावजूद, उन्होंने बाउंसर पर भरोसा किया। उन्होंने बताया कि यह अचानक नहीं था कि एक स्पिनर के तौर पर उन्होंने बाउंसर फेंकना शुरू कर दिया। यह एक सोची-समझी योजना थी, जिसमें बल्लेबाज पर बाउंसर के मनोवैज्ञानिक प्रभाव को समझना शामिल था। खुद बल्लेबाज होने के नाते, उन्हें प्रतिद्वंद्वी की मानसिकता समझने में मदद मिलती है, जिससे वह हमेशा सोचने की प्रक्रिया में एक कदम आगे रहने की कोशिश करते हैं। क्रुणाल की रणनीति उनके कमजोर स्कोरिंग क्षेत्रों को निशाना बनाने पर केंद्रित होती है। अगर कोई बल्लेबाज कवर्स के ऊपर से आसानी से रन बनाता है, तो क्रुणाल उसे मिड-विकेट के ऊपर से शॉट खेलने के लिए मजबूर करने की कोशिश करते हैं। इसी तरह, अगर उसे स्लॉग स्वीप पसंद है, तो उसे लॉन्ग ऑफ के ऊपर से शॉट खेलने पर मजबूर किया जाता है। गिरजा/ईएमएस 08 मई 2026