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10-May-2026
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-स्वयंभू बाबा अशोक खरात पर कसा शिकंजा तो देने लगे देवी-देवताओं की दुहाई -गवाह की मौत से बढ़ा रहस्य, 58 अश्लील वीडियो -1500 करोड़ की संपत्ति और फर्जी खातों के जाल में उलझा मामला नासिक,(ईएमएस)। स्वयंभू बाबा अशोक खरात से जुड़ा मामला महज यौन शोषण या आर्थिक धोखाधड़ी तक सीमित ही सीमित नहीं रह गया, बल्कि अब यह महाराष्ट्र के चर्चित और जटिल मामलों में शुमार हो चुका है। बाबा के ऑफिस की 58 अश्लील वीडियो, करीब 150 पीड़ित महिलाओं, 1500 करोड़ रुपए की कथित संपत्ति, 100 फर्जी बैंक खातों और राजनीतिक संपर्कों के आरोपों के बीच अब इस केस का दायरा लगातार बढ़ता जा रहा है। कसते शिंकजे के बीच खरात ने अब देवी-देवताओं की दुहाई देनी शुरु कर दी है, उसका कहना है उसने जो किया दैवीय शक्तियों के प्रभाव से किया। बहरहाल इस मामले में सबसे बड़ा सवाल अहम गवाह जितेंद्र शेलके की संदिग्ध मौत को लेकर भी खड़ा हो गया है। फिलहाल केस की जांच नासिक और शिरडी पुलिस के साथ-साथ एसआईटी और प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) कर रहे हैं। अशोक खरात इस समय जेल में है और हाल ही में शिरडी कोर्ट ने उसे 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया। दैवीय शक्तियों का हवाला जांच टीम से जुड़े सूत्रों के मुताबिक पूछताछ के दौरान अशोक खरात ने स्वीकार किया कि उससे “गलतियां” हुई हैं, लेकिन उसने दावा किया कि यह सब “दैवीय शक्तियों” के प्रभाव में हुआ। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, खरात लगातार यह कहता रहा कि महिलाओं के साथ उसके संबंध सहमति से बने थे। हालांकि एसआईटी इस दावे से सहमत नहीं है। पुलिस को शक है कि महिलाओं को नशीले पदार्थ या दवाएं देकर उनका शोषण किया जाता था। खरात का कहना है कि वह कई बार “समाधि” जैसी अवस्था में चला जाता था और बाद में उसे होश आता था। जांच एजेंसियां इन दावों को बचाव की रणनीति मान रही हैं। 56 अनुयायियों के नाम पर 100 खाते प्रवर्तन निदेशालय की जांच में कई चौंकाने वाले खुलासे सामने आए हैं। सूत्रों के मुताबिक, कोपरगांव की एक पतपेढ़ी बैंक में 56 अनुयायियों के नाम पर करीब 100 खाते खोले गए थे। इन खातों में लगभग 70 करोड़ रुपए का लेनदेन हुआ। सबसे अहम बात यह है कि सभी खातों में नॉमिनी के तौर पर अशोक खरात का नाम व मोबाइल नंबर दर्ज था। जब खाताधारकों से पूछताछ की गई तो कई लोगों ने दावा किया कि उन्हें अपने नाम पर खाते खुलने की जानकारी तक नहीं थी। ऑफिस असिस्टेंट ने खोली पोल मामले की शुरुआत तब हुई जब अशोक खरात ने खुद ब्लैकमेलिंग की शिकायत दर्ज कराई थी। जांच के दौरान उसके पूर्व ऑफिस असिस्टेंट नीरज जाधव का नाम सामने आया। नीरज ने एसआईटी को बताया कि वह अपनी गर्भवती पत्नी को खरात के पास लेकर गया था, जहां धार्मिक अनुष्ठान के नाम पर उसकी पत्नी से छेड़छाड़ की गई। इसके बाद उसने दोस्त की मदद से खरात के ऑफिस में हिडन कैमरा लगाया, जिससे कई वीडियो सामने आए। राजनीतिक संपर्कों की भी जांच एसआईटी अब खरात के कथित राजनीतिक संबंधों की भी जांच कर रही है। कुछ नेताओं और पूर्व मंत्रियों से जुड़े लोगों से पूछताछ की जा चुकी है। हालांकि जिन लोगों के नाम सामने आए हैं, उन्होंने किसी भी तरह के संबंध से इनकार किया है। इस पूरे मामले ने अंधविश्वास, सत्ता और अपराध के गठजोड़ पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। वहीं खरात के घर और सिन्नर स्थित मंदिर परिसर में अब पूरी तरह सन्नाटा पसरा हुआ है। हिदायत/ईएमएस 10मई26