पुणे,(ईएमएस)। नीट-यूजी पेपर लीक मामले में गिरफ्तार कोचिंग कारोबारी शिवराज मोटेगांवकर पर शिकंजा कंसता जा रहा है। सीबीआई की जांच के बीच, पुणे नगर निगम (पीएमसी) ने उनके आरसीसी क्लासेज कैंपस पर बड़ी कार्रवाई कर बुलडोजर चला दिया। पीएमसी ने मोटेगांवकर से जुड़ी दो संपत्तियों को सील करने के बाद यह कदम उठाया। आरोप है कि इन परिसरों पर 3.20 करोड़ रुपये का प्रॉपर्टी टैक्स बकाया था और कई जगहों का इस्तेमाल बिना आवश्यक मंजूरी के हो रहा था। पुणे नगर निगम की यह कार्रवाई तब हुई है, जब पिछले हफ्ते सीबीआई ने नीट-यूजी पेपर लीक मामले में आरोपी कोचिंग संचालक मोटेगांवकर को गिरफ्तार किया था। नगर निगम के अधिकारियों के अनुसार, लंबे समय से बकाया राशि जमा न होने और नियमों के उल्लंघन के बाद कार्रवाई का फैसला लिया गया। पीएमसीके भवन विभाग ने जेएम रोड स्थित बोरावके बिल्डिंग की पहली मंजिल पर मौजूद एक दुकान को भी सील किया है। अधिकारियों ने बताया कि यहां जरूरी अनुमति के बिना कोचिंग क्लासेज चल रही थीं। नोटिस दिए जाने के बावजूद स्थिति में सुधार नहीं हुआ, जिसके बाद यह सख्त कदम उठाया गया। जांच में इमारत में अवैध पार्किंग बदलाव और बिना मंजूरी के निर्माण भी सामने आया। इसकारण नगर निगम ने बुलडोजर कार्रवाई शुरू की। अधिकारियों का कहना है कि नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर आगे भी सख्त कदम उठाए जाएंगे। इस बीच, नगर निगम ने शहर में मोटेगांवकर से जुड़ी दूसरी संपत्तियों की भी जांच शुरू कर दी है, जिससे आने वाले दिनों में कार्रवाई का दायरा और बढ़ सकता है। नीट-यूजी पेपर लीक मामले में पहले से ही सवालों में घिरे मोटेगांवकर के लिए अब कानूनी और प्रशासनिक, दोनों मोर्चों पर मुश्किलें लगातार बढ़ती दिख रही हैं। आशीष दुबे / 20 मई 2026