मुंबई,(ईएमएस)। मुंबई के बांद्रा स्थित गरीब नगर इलाके में पश्चिम रेलवे द्वारा चलाए जा रहे अतिक्रमण हटाओ अभियान के दौरान दूसरे दिन भारी हिंसा भड़क उठी। अवैध निर्माणों को गिराने की कार्रवाई का विरोध कर रही लोकल भीड़ ने पुलिस और रेलवे अधिकारियों पर पथराव शुरू किया। जिसके बाद स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा। यह अभियान पश्चिम रेलवे की जमीन पर बने सैकड़ों अवैध मकानों, दुकानों और एक अनधिकृत धार्मिक ढांचे को हटाने के लिए शुरू किया गया था। कार्रवाई के पहले दिन से ही लोगों में भारी विरोध था, जो दूसरे दिन उग्र रूप धारण कर गया। देखते ही देखते पूरा इलाका छावनी में बदल गया और भारी संख्या में लोग सड़कों पर उतर आए। भीड़ अचानक बेकाबू हुई और पुलिसकर्मियों, रेलवे अधिकारियों को निशाना बनाकर जमकर पथराव किया। इस अप्रत्याशित हमले से मौके पर अफरा-तफरी मच गई। हालात बिगड़ते देख मुंबई पुलिस ने बल प्रयोग किया और उग्र भीड़ को तितर-बितर करने के लिए लाठीचार्ज किया। पुलिस की सख्ती के बाद उपद्रवी पीछे हटने पर मजबूर हुए। इस हिंसक झड़प में तीन पुलिसकर्मी घायल हुए हैं, जबकि लाठीचार्ज में कुछ स्थानीय निवासियों को भी चोटें आई हैं। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए अब तक 10 लोगों को हिरासत में लिया है और अन्य उपद्रवियों के खिलाफ प्राथमिकी (एफआईआर) दर्ज करने की प्रक्रिया जारी है। इलाके में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए भारी संख्या में पुलिस बल तैनात है और तनावपूर्ण शांति बनी हुई है। पश्चिम रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी विनीत अभिषेक ने बताया कि यह पूरा अभियान माननीय उच्च न्यायालय के स्पष्ट और विस्तृत आदेशों के तहत चलाया जा रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि रेलवे केवल न्यायिक निर्देशों का पालन कर रहा है और उन्हें इस कार्रवाई में मुंबई पुलिस सहित सभी संबंधित नागरिक निकायों और राज्य सरकार का पूरा सहयोग मिल रहा है। आशीष दुबे / 22 मई 2026