बीसीसीआई चाहता है कि अभी एकदिवसीय विश्वकप पर ही ध्यान दें मुम्बई (ईएमएस)। भारतीय टी20 टीम के नये कप्तान की दौड़ में शुभमन गिल को प्रमुख दावेदार माना जा रहा था पर उनकी जगह पर श्रेयस अय्यर को कप्तानी मिल गयी। इस पर कई प्रशंसकों का हैरान भी हुई क्योंकि शुभमन ने हाल ही में समाप्त हुए आईपीएल में 700 से अधिक रन बनाये थे। वहीं अब उन्हें टी20 टीम की कप्तानी नहीं दिये जाने का कारण सामने आया है। चयन समिति ने शुभमन कहा दिया था कि अभी वह 2027 एकदिवसीय विश्व कप तक टेस्ट और एकदिवसीय मुकाबलों तक ही सीमित रहें। जिससे वह बड़े आईसीसी टूर्नामेंटों के लिए तरोताजा बने रहें। चयनकर्ताओं को लगता था कि अगर शुभमन तीनो प्रारुपों की कप्तानी करेंगे तो उन्हें थकान होने की आशंका है क्योंकि भारतीय टीम का अगले 18 महीने का कार्यक्रम बेहद व्यस्त है। गौरतलब है कि गिल को 2027 विश्व कप शुरू होने से पहले विश्व टेस्ट चैम्पियनशिप (डब्ल्यूटीसी) के नौ टेस्ट मैचों में भारत की कप्तानी करनी है और करीब 35 एकदिवसीय भी खेलने हैं। इसके अतिरिक्त, वह आईपीएल में गुजरात टाइटन्स के कप्तान भी हैं। ऐेसे में उन्हें टेस्ट और एकदिवसीय विश्व कप के लिए पूरी तरह से फिट और केंद्रित रखना जरुरी है। इसी कारण चयनकर्ता उन्हें सभी प्रारूपों में एक साथ खेलने के बोझ से बचाना चाहते हैं जिससे उनकी फॉर्म और फिटनेस प्रभावित न हो और वह बड़े मुकाबलों में प्रभावी भूमिका निभा सकें। इसके अलावा, वर्तमान टी20 टीम में शीर्ष क्रम में संजू सैमसन, अभिषेक शर्मा, ईशान किशन और पदार्पण करने जा रहे वैभव सूर्यवंशी जैसे खिलाड़ी पहले से ही मौजूद हैं। ऐसे में किसी और बल्लेबाज को शीर्ष क्रम बल्लेबाज को शीर्ष क्रम में शामिल करना टीम संतुलन को बिगाड़ देगा। शुभमन की कमजोर आईपीएल फॉर्म को देखते हुए, उन्हें टी20 टीम से बाहर रखने का मुख्य कारण भविष्य को देखते हुए बनायी गयी रणनीतिक प्राथमिकता ही है, न कि प्रदर्शन। इसी कारण शुभमन को टी20 प्रारुप में शामिल नहीं किया गया है पर माना जा रहा है कि साल 2028 लॉस एंजिल्स ओलंपिक या ऑस्ट्रेलिया में होने वाले टी20 विश्व कप से पहले उन्हें फिर से इस प्रारूप में शामिल किया जा सकता है। साल 2028 में होने वाले दो बड़े टी20 टूर्नामेंट के लिए अभी काफी समय है। ऐसे में शुभमन का ध्यान निकट भविष्य के मुकाबलों पर है। गिरजा/ ईएमएस 07जून 2026