मुम्बई (ईएमएस)। पिछले काफी समय से भारतीय टीम से बाहर चल रहे अनुभवी तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी को अब नये साल में न्यूजीलैंड के खिलाफ सीरीज से अवसर मिल सकता है। शमी की साल 2025 में लगातार उपेक्षा हुई, इसके अलावा वह फिटनेस को लेकर भी परेशान रहे जिससे भी उनके भविष्य को लेकर सवाल उठे हैं। वहीं शमी ने इसके बाद घरेलू क्रिकेट में अपने प्रदर्शन से फार्म और फिटने को साबित किया। वहीं माना जा रहा है कि इस गेंदबाज को इस साल चयनकर्ता अवसर दे सकते हैं। इससे 2027 एकदिवसीय विश्वकप के लिए उनकी वापसी होने की उम्मीद है। शमी के घरेलू प्रदर्शन पर चयनकर्तों की नजरें बनी हुई हैं। ऐसे में उनकी टीम में वापसी कठिन नहीं मानी जा रही है। एक रिपोर्ट के अनुसान शमी पर लगातार चर्चा हो रही है।वह चयन की दौड़ से बाहर नहीं हैं। स चिंता उनकी फिटनेस को लेकर है। ह न्यूजीलैंड एकदिवसीय सीरीज लिए अच्छे दिख रहे हैं। ऐसे में उन्हें इस सीरीज में भी अवसर मिल सकता है। उनके पास लंबा अनुभव है जिसका लाभ लिया जा सकता है। शमी ने अंतिम बार मार्च 2025 में आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी में खेला था उसके बाद से ही वह टीम में वापसी नहीं कर पाये। वह वह टूर्नामेंट में मोहम्मद शमी भारत के संयुक्त रूप से सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज रहे थे। उन्होंनइ इसी टूर्नामेंट में न्यूजीलैंड के खिलाफ अंतिम मैच था, जबकि टेस्ट में जून 2023 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ विश्व टेस्ट चैंपियनशिप फाइनल के बाद से ही टीम से बाहर हैं। उन्होंने घरेलू क्रिकेट में अपने पिछले छह मैचों (तीन विजय हजारे ट्रॉफी और तीन सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी) में 17 विकेट लिए हैं। वहीं रणजी ट्रॉफी में भी उन्होंने इस सीजन सिर्फ चार मैचों में 20 विकेट लिए हैं जिससे पता चलता है कि उनकी गेंदबाजी की धार अभी बनी हुई है। कई दिग्गज क्रिकेटरों ने उनकी टीम में वापसी की मांग की है। गिरजा/ईएमएस 01 जनवरी 2026