कांकेर(ईएमएस)। कोंडे स्थित धान उपार्जन केंद्र में टोकन लिमिट नहीं बढ़ाए जाने, कैरी फॉरवर्ड (पिछले वर्ष का शेष रकबा) की सुविधा नहीं मिलने और यूएफआर मामलों के लंबित रहने से क्षेत्र के किसानों की मुश्किलें लगातार बढ़ती जा रही हैं। इन समस्याओं के चलते किसान समय पर धान विक्रय नहीं कर पा रहे हैं और उन्हें आर्थिक नुकसान का खतरा सता रहा है। इन्हीं समस्याओं को लेकर किसान संघ, धान उपार्जन केंद्र कोंडे के बैनर तले किसानों ने कलेक्टर के नाम तहसीलदार को ज्ञापन सौंपा और शीघ्र समाधान की मांग की। ज्ञापन में कहा गया है कि वर्तमान व्यवस्था में टोकन लिमिट कम होने के कारण बड़ी संख्या में किसानों के टोकन कट ही नहीं पा रहे हैं, जिससे वे धान बिक्री से वंचित हो रहे हैं। यदि जल्द सुधार नहीं हुआ तो किसानों की मेहनत और आजीविका दोनों पर सीधा असर पड़ेगा। किसान संघ के नेतृत्व में ग्राम पंचायत कोंडे के सरपंच प्रेम पुडो, मुकेश कुमार गावड़े, जनपद सदस्य धनसाय हुरा, सरपंच सुरुगदोह और सरपंच सराधुघमरे ने संयुक्त रूप से प्रशासन का ध्यान समस्या की गंभीरता की ओर आकृष्ट किया। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि टोकन लिमिट नहीं बढ़ाई गई, कैरी फॉरवर्ड और यूएफआर से जुड़े मामलों का शीघ्र निराकरण नहीं किया गया, तो किसानों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ेगा। किसानों ने प्रशासन से मांग की है कि धान उपार्जन प्रक्रिया को सुचारु बनाने के लिए तत्काल आवश्यक निर्णय लिए जाएं। इस दौरान राजेश पोटाई, दिनेश यादव, छबिलाल जैन, जगलू यादव, फगनूराम, अमरू राम, आसाराम, अमर जाड़े सहित बड़ी संख्या में किसान उपस्थित रहे। ईएमएस(राकेश गुप्ता)09 जनवरी 2026