बिलासपुर (ईएमएस)। सेंदरी स्थित मेंटल हॉस्पिटल में मरीजों के इलाज में खराब स्थिति और स्टाफ की कमी को लेकर दायर जनहित याचिका पर सोमवार को हाईकोर्ट में सुनवाई हुई। मामले की सुनवाई चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा और जस्टिस रविन्द्र अग्रवाल के डिवीजन बेंच में हुई। स्वास्थ्य सचिव ने शपथपत्र पेश करते हुए बताया कि योग्य अभ्यर्थी न मिलने के कारण दो सायकेट्रिस्ट को संविदा पर नियुक्त किया गया है। इसके अलावा, क्लिनिकल साइकोलॉजिस्ट और काउंसलर के पदों के लिए भर्ती प्रक्रिया अभी पूरी नहीं हो पाई है और छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग से नतीजों का इंतजार किया जा रहा है। कोर्ट ने कहा कि एफिडेविट से यह साफ है कि कई पदों पर भर्ती प्रक्रिया में प्रगति हुई है, लेकिन साइकेट्रिस्ट और अन्य मानसिक स्वास्थ्य कर्मचारियों की कमी को लेकर गंभीर स्थिति बनी हुई है। सीनियर एडवोकेट अभिषेक सिन्हा ने कहा कि साइकेट्रिस्ट के पद पर भर्ती के लिए कोई योग्य उम्मीदवार आवेदन नहीं कर पाया है, इसलिए राज्य सरकार को इस पद के लिए एक नई भर्ती प्रक्रिया शुरू करने का निर्देश दिया जाए। हाईकोर्ट ने स्वास्थ्य सचिव को निर्देश दिया कि वे एक विस्तृत हलफनामा दायर करें, जिसमें विशेष रूप से सायकेट्रिस्ट के पद के लिए नई भर्ती प्रक्रिया, समयसीमा, आवेदनों के कार्यक्रम और साक्षात्कार की तारीखों की जानकारी दी जाए। इसके साथ ही, क्लिनिकल साइकोलॉजिस्ट और काउंसलर के पदों की भर्ती प्रक्रिया, परिणामों की तारीख और बाद की चयन प्रक्रिया भी शामिल हो। अदालत ने यह भी कहा कि जब तक पदों की भर्ती पूरी नहीं हो जाती, तब तक अंतरिम उपायों के तहत संविदा कर्मियों की नियुक्ति की व्यवस्था जारी रखी जाए। मामले की अगली सुनवाई 4 फरवरी 2026 को तय की गई है। मनोज राज/योगेश विश्वकर्मा 13 जनवरी 2026