अंतर्राष्ट्रीय
16-Jan-2026


लंदन,(ईएमएस)। ब्रिटेन में प्रमुख विपक्षी नेता, कंजर्वेटिव पार्टी के सांसद बॉब ब्लैकमैन ने बांग्लादेश में हिंदुओं के खिलाफ हिंसा का हवाला देकर लेबर सरकार से मोहम्मद यूनुस की सरकार पर दबाव डालने का आह्वान किया है, ताकि वहां अल्पसंख्यकों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। ब्रिटिश संसद में ब्लैकमैन ने कहा कि 12 फरवरी को होने वाले चुनाव तब आयोजित किए जा रहे हैं, जब अपदस्थ पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना की अवामी लीग पर पूर्ण प्रतिबंध के कारण लोकतांत्रिक चिंताएं बढ़ गई हैं। उन्होंने इस्लामी ताकतों के कथित उदय का भी विरोध किया। हिंदू पुरुषों की सड़कों पर हत्याएं की जा रही हैं, उनके घर जलाए जा रहे हैं मंदिर जलाए जा रहे हैं, और इतना ही नहीं अन्य धार्मिक अल्पसंख्यकों को भी इसी तरह की नियति का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि अगले माह तथाकथित स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव होने वाले हैं। प्रमुख राजनीतिक पार्टी, अवामी लीग, जनमत सर्वेक्षणों में करीब 30 प्रतिशत वोट हासिल करने के बावजूद, इन चुनावों में भाग लेने से प्रतिबंधित है। इसी तरह, इस्लामी चरमपंथियों ने एक जनमत संग्रह की मांग की है जो बांग्लादेश के संविधान को हमेशा के लिए बदल देगा। इसलिए, उन्होंने मांग की कि ब्रिटेन के विदेश सचिव इस बात पर एक बयान जारी करें कि बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों की सुरक्षा और स्वतंत्र, निष्पक्ष और समावेशी चुनाव सुनिश्चित करने के लिए लेबर सरकार क्या कदम उठाएगी। बांग्लादेश में पिछले साल हिंसक विरोध प्रदर्शनों में हसीना को सत्ता से बेदखल कर दिया गया था। नोबेल पुरस्कार विजेता यूनुस सेना समर्थित अंतरिम सरकार का नेतृत्व कर रहे हैं। हसीना भारत में निर्वासन में रह रही हैं, जबकि बांग्लादेश की एक अदालत ने उन्हें मानवता के खिलाफ अपराधों के लिए मौत की सजा सुनाई है। हाल ही में अवामी लीग और अन्य व्यापक रूप से समर्थित पार्टियों पर प्रतिबंध को लेकर गंभीर चिंता व्यक्त करने वाले चार ब्रिटिश सांसदों में ब्लैकमैन भी शामिल थे। इस संयुक्त बयान पर ब्लैकमैन के अलावा जिम शैनन, जस अथवाल और क्रिस लॉ ने भी हस्ताक्षर किए। आशीष दुबे / 16 जनवरी 2026