राज्य
18-Jan-2026


पशुपालकों, किसानों, छात्र-छात्राओं को पशुपालन एवं डेयरी से संबंधित योजनाओं एवं पशु कल्याण के बारे में किया जाएगा जागरूक राज्य, जिला एवं विकासखंड स्तर पर आयोजित की जाएगी विभिन्न गतिविधियां भोपाल (ईएमएस)। भारत सरकार के मत्स्यपालन, पशुपालन एवं डेयरी विभाग द्वारा पशुपालकों, किसानों, छात्र-छात्राओं को पशुपालन एवं डेयरी से संबंधित योजनाओं एवं पशु कल्याण के बारे में जागरूक करने के लिए पशुपालन एवं पशु कल्याण जागरूकता माह का आयोजन किया जा रहा है। जो 13 फरवरी 2026 तक चलेगा। केंद्रीय पशुपालन एवं डेयरी विभाग के निर्देशानुसार प्रदेश में भी पशुपालन एवं पशु कल्याण जागरूकता माह का आयोजन किया जाएगा। एक माह तक चलने वाले कार्यक्रम को लेकर संचालक पशुपालन एवं डेयरी डॉ. पीएस पटेल ने सभी जिलों को निर्देश भी जारी कर दिए हैं। संचालक पशुपालन एवं डेयरी विभाग ने बताया कि यह अभियान राज्य, जिला एवं विकासखण्ड स्तर पर विभिन्न जागरूकता एवं हितग्राही मूलक गतिविधियों के माध्यम से संचालित होगा। अभियान के अंतर्गत पशुकल्याण, पशु चिकित्सा सेवाओं, उन्नत पशुपालन, डेयरी, बकरी एवं मुर्गी पालन से संबंधित योजनाओं के साथ ही केंद्र एवं राज्य सरकार द्वारा पशुपालन से संबंधित चलाई जा रही हितग्राही मूलक योजनाओं के बारे में पशुपालकों को जागरूक किया जाएगा। इसके लिए संगोष्ठियां, ऑनलाइन वेबिनार, युवा संवाद, गोशालाओं एवं पशु कल्याण संस्थानों में कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। साथ ही स्कूलों एवं कॉलेजों में विभागीय दलों द्वारा भ्रमण कर छात्र-छात्राओं को पशुपालन एवं पशु कल्याण की जानकारी दी जाएगी। जिले एवं विकासखण्ड स्तर पर सभी वेट्स-पेरावेट्स, गोसेवक-मैत्री कार्यकर्ता, कृषि विज्ञान केंद्र, राज्य पशुधन एवं कुक्कुट विकास निगम, दुग्ध संघों के अधिकारी-कर्मचारी, स्वसहायता समूहों के सदस्य एवं पशु-सखी के समन्वय से अभियान का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाएगा। मोबाइल वेटनरी यूनिट (MVU) द्वारा ग्रामों एवं पंचायतों में भ्रमण कर पशु चिकित्सा सेवाओं के साथ-साथ पशुकल्याण, रोग रोकथाम, टीकाकरण तथा पशुपालन योजनाओं से संबंधित जानकारी का प्रचार-प्रसार किया जाएगा। इस दौरान पंपलेट वितरण एवं जनजागरूकता गतिविधियां भी संचालित होंगी। विभिन्न स्तरों पर आयोजित की जाने वाली गतिविधियों की प्रगति की जानकारी फोटो एवं वीडियो सहित भारत सरकार के पोर्टल पर अपलोड की जाएगी। अभियान की मॉनिटरिंग संबंधित संभाग के संयुक्त संचालक एवं संचालनालय स्तर पर प्रभारी पशुपालन शाखा द्वारा की जाएगी। हरि प्रसाद पाल / 18 जनवरी, 2026