- टेम्बा बावुमा ने गंभीर को दिया पूरा समर्थन नई दिल्ली (ईएमएस)। दक्षिण अफ्रीका के कप्तान टेम्बा बावुमा ने भारतीय टेस्ट टीम की मौजूदा स्थिति पर खुलकर अपनी राय व्यक्त की है। हाल ही में लिखे अपने एक में उन्होंने माना कि जहां एक ओर भारत वनडे और टी20 जैसे सफेद गेंद फॉर्मेट में दुनिया की सबसे दमदार टीमों में से एक है, वहीं टेस्ट क्रिकेट में वह इस समय स्पष्ट रूप से एक ‘ट्रांजिशन फेज’ से गुजर रही है। उनके अनुसार, इस बदलाव के दौर ने टीम की कई कमजोरियों को उजागर कर दिया है, जिन पर लंबे समय तक ध्यान देने की जरूरत है। बावुमा ने विशेष रूप से विराट कोहली और रोहित शर्मा की अनुपस्थिति को भारतीय टेस्ट टीम के लिए बड़ा नुकसान बताया। उन्होंने कहा कि इन दोनों दिग्गजों के बिना टीम की कमियां सामने आईं, ठीक वैसे ही जैसे 2019 में दक्षिण अफ्रीका को अपने अनुभवी खिलाड़ियों के संन्यास के बाद जूझना पड़ा था। उनके मुताबिक, वनडे क्रिकेट में कोहली और रोहित की मौजूदगी भारत को स्थिरता देती है, लेकिन टेस्ट में उनकी कमी टीम के प्रदर्शन और मनोबल पर असर डाल रही है। हेड कोच गौतम गंभीर पर उठ रहे सवालों के बीच बावुमा ने उनके पक्ष में मजबूत दलील रखी। उन्होंने बीसीसीआई को सलाह दी कि गंभीर पर अनावश्यक दबाव न डाला जाए और उन्हें 2027 वनडे विश्व कप तक का पूरा समय दिया जाए। उन्होंने अलग-अलग फॉर्मेट के लिए अलग कोच रखने की प्रणाली पर भी सवाल उठाए और कहा कि इससे खिलाड़ियों में भ्रम की स्थिति पैदा होती है। बावुमा के अनुसार, गंभीर के पास सफेद गेंद प्रारूप में मजबूत संसाधन मौजूद हैं, जो उन्हें टेस्ट टीम को पुनर्निर्माण के लिए पर्याप्त समय और स्पेस दे सकते हैं। बावुमा ने यह भी बताया कि दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ पहले टेस्ट में शुभमन गिल की चोट भारत के लिए बड़ा झटका साबित हुई। इसकी वजह से भारत को ऋषभ पंत को अस्थायी कप्तान बनाना पड़ा, जिसका फायदा उनकी टीम ने बखूबी उठाया। उन्होंने सुझाव दिया कि भारत को इस कठिन दौर में धैर्य बनाए रखने की जरूरत है और सीनियर खिलाड़ियों को आगे आकर टीम को स्थिरता देनी चाहिए। उनके अनुसार, वर्तमान चुनौतियाँ ही भविष्य की मजबूत टेस्ट टीम की नींव बनेंगी। साल 2025 के अंत में दक्षिण अफ्रीका के भारत दौरे का जिक्र करते हुए बावुमा ने याद दिलाया कि उनकी टीम ने पहली बार भारतीय सरजमीं पर टेस्ट में 2-0 से क्लीन स्वीप कर इतिहास रचा था। भारत ने वनडे सीरीज 2-1 से जीत ली थी और टी20 में सूर्यकुमार यादव की कप्तानी में दबदबा कायम रहा था, लेकिन टेस्ट में मिली करारी हार के बाद गंभीर की कोचिंग पर सवाल उठे थे और यह चर्चा भी तेज हुई थी कि आखिर किन कारणों से विराट कोहली और रोहित शर्मा ने समय से पहले टेस्ट करियर को अलविदा कहा। बावुमा का स्पष्ट मानना है कि भारतीय टेस्ट क्रिकेट इस समय कठिन मोड़ पर है, लेकिन यदि सही दिशा और धैर्य रखा जाए तो यही दौर टीम के उज्जवल भविष्य को आकार देगा। डेविड/ईएमएस 31 जनवरी 2026