:: पीडब्ल्यूडी मंत्री वाले बयान पर कैबिनेट मंत्री का खंडन; बोले- बच्चों के संस्कारों पर केंद्रित था पूरा संबोधन :: इंदौर (ईएमएस)। मध्य प्रदेश शासन के नगरीय विकास एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने उनके हालिया वक्तव्य को लेकर मीडिया के एक वर्ग में चल रही खबरों पर कड़ा ऐतराज जताते हुए स्थिति स्पष्ट की है। शनिवार को जारी एक आधिकारिक प्रेस नोट के माध्यम से मंत्री ने कहा कि 28 जनवरी 2026 को एक निजी शिक्षण संस्था के कार्यक्रम में उनके द्वारा दिए गए भाषण को कुछ मीडिया संस्थानों ने गलत संदर्भ में व्यक्तिगत आरोप के रूप में पेश किया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस प्रकार की प्रस्तुति उनके वक्तव्य की वास्तविक भावना और मंतव्य को सही रूप में प्रतिबिंबित नहीं करती है। मंत्री विजयवर्गीय ने स्पष्ट किया कि उनका पूरा संबोधन बच्चों में अच्छे संस्कार विकसित करने की आवश्यकता पर आधारित था। उन्होंने कार्यक्रम में कहा था कि विद्यालयीन शिक्षा के साथ-साथ घर का सकारात्मक वातावरण भी अनिवार्य है, क्योंकि बच्चे अपना अधिकांश समय घर में ही व्यतीत करते हैं। इसी संदर्भ में उन्होंने दो सामान्य उदाहरण दिए थे, जिसमें पालकों द्वारा घर में मित्रों के साथ पार्टी करने का बच्चों के मानस पर पड़ने वाले नकारात्मक प्रभाव का जिक्र था। उनका उद्देश्य केवल यह समझाना था कि बच्चों के चरित्र निर्माण में पारिवारिक परिवेश की भूमिका सबसे अहम होती है। :: नैतिकता का उदाहरण, न कि किसी पर टिप्पणी :: अपने लंबे प्रशासनिक अनुभव का हवाला देते हुए मंत्री ने कहा कि वे स्वयं पीडब्ल्यूडी सहित कई महत्वपूर्ण विभागों के मंत्री रहे हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि निकटजनों को मिलने वाले प्रलोभनों और उनसे बचने की आवश्यकता का उदाहरण केवल नैतिकता और चरित्र निर्माण की सीख देने के उद्देश्य से था, न कि किसी व्यक्ति विशेष या विभाग पर निशाना साधने के लिए। उन्होंने मीडिया और जनता से आग्रह किया कि उनके वक्तव्य को किसी अन्य अर्थ में न लिया जाए, क्योंकि इसे पूर्ण रूप से न समझ पाने या गलत व्याख्या के कारण भ्रामक तरीके से प्रसारित किया गया है। प्रकाश/30 जनवरी 2026