नई दिल्ली (ईएमएस)। अफगानिस्तान के स्टार लेग स्पिनर राशिद खान भले ही दुनिया भर में क्रिकेट खेलकर कई उपलब्धियां हासिल कर चुके हों, लेकिन अपने देश में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेलने का उनका सपना आज भी अधूरा है। युद्ध और अस्थिरता से प्रभावित अफगानिस्तान में अब तक एक भी अंतरराष्ट्रीय मुकाबला आयोजित नहीं हो सका है। हालात इतने चुनौतीपूर्ण रहे कि टीम को अपने घरेलू मैच विदेशों में खेलने पड़ते हैं। भारत के ग्रेटर नोएडा, देहरादून और लखनऊ से लेकर यूएई के शारजाह और अबूधाबी तक, कई शहर लंबे समय तक अफगानिस्तान टीम के ‘घरेलू मैदान’ बने रहे। इसके बावजूद राशिद अपने इस सपने को छोड़ने को तैयार नहीं हैं। न्यूजीलैंड के खिलाफ टी20 विश्व कप 2026 मैच से पहले राशिद भावुक नजर आए। उन्होंने कहा, “ईमानदारी से कहूं तो यह हमारे लिए विश्व कप से भी बड़ा सपना है। अगर हम अफगानिस्तान में कोई अंतरराष्ट्रीय मैच खेल पाते हैं, तो दुनिया देखेगी कि वहां लोग खिलाड़ियों का कितना सम्मान करते हैं और क्रिकेट का कितना आनंद लेते हैं। अपने देश में खेलना किसी सपने से बढ़कर है।” राशिद ने बताया कि दुनिया के हर कोने में, खासकर आईपीएल के दौरान, उन्हें अपार प्यार मिलता है, लेकिन घरेलू दर्शकों के सामने खेलने का अनुभव अद्वितीय होगा। उन्होंने कहा, “भारत में आईपीएल या अंतरराष्ट्रीय मैच खेलते हुए हमें हमेशा लगा कि लोग अपने सितारों को कितना प्यार देते हैं। हमें भी ढेर सारा स्नेह मिला है, खासकर 2023 विश्व कप में। लेकिन अफगानिस्तान में खेलना एक अलग एहसास देगा। तब दुनिया हमारे देश की खूबसूरती भी देखेगी।” राशिद को उम्मीद है कि एक दिन ऐसा माहौल जरूर बनेगा, जब कोई अंतरराष्ट्रीय टीम अफगानिस्तान में सीरीज खेलने पहुंचेगी। राशिद ने अफगानिस्तान की घरेलू क्रिकेट संरचना की कमजोरियों पर भी बात की। उन्होंने बताया कि देश में छोटे प्रारूप के पर्याप्त मैच न होने की वजह से सीमित ओवरों की टीम चुनना चुनौतीपूर्ण हो जाता है। उन्होंने कहा, “अगर बल्लेबाजी में भी गेंदबाजी की तरह प्रतिस्पर्धा हो जाए, तो हम नई ऊंचाइयों पर पहुंच सकते हैं। असली प्रतिभा घरेलू क्रिकेट से ही निकलती है।” अंत में, राशिद ने अफगानिस्तान महिला क्रिकेट टीम को भी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर खेलते देखने की इच्छा व्यक्त की और कहा कि किसी भी मंच पर देश का प्रतिनिधित्व करना गर्व की बात होती है। डेविड/ईएमएस 08 फरवरी 2026