वाशिंगटन (ईएमएस)। अमेरिका ने यूक्रेन और रूस के बीच चल रहे युद्ध को खत्म करने के लिए जून तक की डेडलाइन दी है। यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि अमेरिका दोनों पक्षों पर दबाव डालकर इस समय सीमा तक समझौता करवाना चाहता है। जेलेंस्की के अनुसार, ‘अगर समय पर समझौता नहीं हुआ, तब वे दोनों देशों पर और अधिक दबाव डाल सकते है। इसका नतीजा बुरा हो सकता है।’ ट्रम्प प्रशासन इस मामले में सक्रिय भूमिका निभा रहा है। जेलेंस्की ने बताया कि अमेरिका ने अगले दौर की त्रिपक्षीय बातचीत को पहली बार अमेरिका में आयोजित करने का सुझाव दिया है। यूक्रेन ने इस प्रस्ताव को स्वीकार कर लिया है और अपनी भागीदारी की पुष्टि कर दी है। इससे पहले अबू धाबी में हुई त्रिपक्षीय बैठक में कोई बड़ा समझौता नहीं हो सका था। दोनों पक्ष अपनी-अपनी मांगों पर अड़े हुए हैं। रूस लगातार मांग कर रहा है कि यूक्रेन डोनबास क्षेत्र से अपनी सेना हटा ले, जबकि यूक्रेन इस शर्त को मानने से मना कर रहा है। जेलेंस्की ने कहा, ‘डोनबास के मुद्दे पर सवाल अब भी जस के तस हैं।’ उन्होंने बताया कि सबसे जटिल मुद्दों पर फैसला केवल राष्ट्राध्यक्षों की बैठक में हो सकता है। बातचीत में अमेरिका ने डोनबास क्षेत्र को एक मुक्त आर्थिक क्षेत्र बनाने का सुझाव दिया था, लेकिन जेलेंस्की ने कहा कि इस पर दोनों पक्षों के विचार अलग-अलग हैं और इसके बाद इस योजना को लागू करना मुश्किल लगता है। बातचीत में युद्धविराम की निगरानी कैसे की जाए, इस पर भी चर्चा हुई। अमेरिका ने इस प्रक्रिया में अपनी भूमिका निभाने की इच्छा दुबारा जाहिर की है। इसी बीच, रूस ने यूक्रेन के ऊर्जा ढांचे पर हमले तेज कर दिए हैं। जेलेंस्की ने बताया कि शनिवार की रात को रूस ने 400 से ज्यादा ड्रोन और लगभग 40 मिसाइलें दागीं, जिनका निशाना बिजली ग्रिड, बिजली उत्पादन केंद्र और नेटवर्क टावर थे। आशीष दुबे / 08 फरवरी 2026