ढाका,(ईएमएस)। बांग्लादेश में 13वें संसदीय चुनाव के बाद नई सरकार के गठन की प्रक्रिया तेज हो गई है। नई संसद के लिए चुने गए सांसदों के शपथ ग्रहण की संभावना कल रविवार को जताई जा रही है। इसके बाद बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (बीएनपी) के अध्यक्ष तारिक रहमान प्रधानमंत्री पद की शपथ ले सकते हैं। सूत्रों की मानें तो शपथ ग्रहण समारोह 16 या फिर 17 फरवरी की शाम को आयोजित किया जा सकता है। बांग्लादेश की राजनीतिक परंपरा के अनुसार प्रधानमंत्री और मंत्रिपरिषद का शपथ ग्रहण आमतौर पर शाम के समय ही होता है। इस बार के चुनाव में बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (बीएनपी) ने बड़ी जीत दर्ज की है। 300 सदस्यीय संसद में 299 सीटों पर मतदान हुआ, जिनमें से बीएनपी और उसके सहयोगियों ने लगभग 212 सीटें हासिल की हैं। एक सीट पर उम्मीदवार के निधन के कारण मतदान स्थगित कर दिया गया था। चुनाव आयोग ने तीन सीटों के नतीजे फिलहाल रोक रखे हैं, क्योंकि संबंधित उम्मीदवारों के खिलाफ मामले अदालत में लंबित हैं। इस्लामी दलों के गठबंधन, जिसका नेतृत्व जमात-ए-इस्लामी कर रही है, ने लगभग 70 सीटें जीतकर मुख्य विपक्ष के रूप में उभरने का संकेत दिया है। अन्य छोटे दलों और निर्दलीय उम्मीदवारों ने करीब 17 सीटों पर सफलता पाई है। यह चुनाव जुलाई 2024 के आंदोलन के बाद कराया गया, जिसमें पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना का लंबा शासन समाप्त हो गया था। अचानक भड़की हिंसा के चलते शेख हसीना को भारत में शरण लेनी पड़ गई। फिलहाल आम चुनाव अंतरिम सरकार की देखरेख में संपन्न हुआ, जिसके प्रमुख सलाहकार नोबेल पुरस्कार विजेता मुहम्मद यूनुस नेतृत्व कर रहे थे। इसे हाल के वर्षों में पहला वास्तविक प्रतिस्पर्धी चुनाव माना जा रहा है। मतदान प्रतिशत लगभग 59 फीसदी दर्ज किया गया। संसदीय चुनाव के साथ ही हुआ जुलाई नेशनल चार्टर संसदीय चुनाव के साथ ‘जुलाई नेशनल चार्टर’ पर राष्ट्रीय जनमत संग्रह भी कराया गया। प्रारंभिक रुझानों के अनुसार लगभग 65 प्रतिशत मतदाताओं ने इसका समर्थन किया है, हालांकि अंतिम परिणाम अभी घोषित होने बाकी हैं। मतदान के दौरान देशभर में करीब दस लाख सुरक्षाकर्मी तैनात किए गए थे और छिटपुट घटनाओं को छोड़कर प्रक्रिया शांतिपूर्ण रही। पीएम मोदी और पीएम शहबाज ने दी बधाई भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने तारिक रहमान और बीएनपी को जीत की बधाई देते हुए द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने की उम्मीद जताई है। अब सबकी नजर नई सरकार के शपथ ग्रहण और नीतिगत दिशा पर टिकी है। हिदायत/ईएमएस 14फरवरी26