दतिया ( ईएमएस ) | मध्य प्रदेश मानवाधिकार आयोग के अध्यक्ष डॉ. अवधेश प्रताप सिंह ने पुलिस उप महानिरीक्षक मुकेश श्रीवास्तव के साथ दतिया में जनसुनवाई आयोजित कर मानवाधिकार से संबंधित लंबित प्रकरणों की समीक्षा की तथा आमजन की शिकायतें सुनीं। जनसुनवाई के दौरान कलेक्टर स्वप्निल वानखड़े एवं पुलिस अधीक्षक सूरज कुमार वर्मा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे। इस अवसर पर डॉ. दीपक शर्मा आयोग मित्र, मध्य प्रदेश मानवाधिकार आयोग शिकायत प्रकोष्ठ ग्वालियर-चंबल संभाग भी मौजूद रहे। संयुक्त बैठक में कलेक्टर, पुलिस अधीक्षक सहित अन्य उपस्थित अधिकारियों द्वारा लंबित प्रकरणों पर अध्यक्ष को कार्यवाही की जानकारी दी गई। समीक्षा बैठक में 23 में से 14 प्रकरणों जिनमें सर्पदंश ,डूबने,घर जलने आदि घटनाओं में मृतक परिवारों को 20 लाख रुपये से अधिक की आर्थिक सहायता, राजस्व, महिला बाल विकास विभाग आदि के प्रकरणों का निराकरण एवं शेष में तत्परता से प्रगति रिपोर्ट भेजने के निर्देश दिये गये। जनसुनवाई में उपस्थित आवेदकों द्वारा प्रस्तुत शिकायतों पर भी आयोग ने गंभीरता से संज्ञान लिया। कई मामलों में मौके पर ही राहत प्रदान कर आगे की आवश्यक विधिक एवं प्रशासनिक कार्यवाही के निर्देश दिए गए, जिससे पीड़ितों को शीघ्र न्याय मिल सके। बैठक के दौरान अध्यक्ष ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि मानवाधिकार संरक्षण को सर्वाेच्च प्राथमिकता दी जाए तथा प्रत्येक प्रकरण में संवेदनशीलता और मानवीय दृष्टिकोण अपनाया जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि ऐसी कोई स्थिति उत्पन्न न होने दी जाए जिसमें किसी भी व्यक्ति के मानवाधिकारों का हनन हो। उन्होंने कहा कि किसी भी समाज को सशक्त बनाने में मानव अधिकारों की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। आयोग ने सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों को निर्देश दिए कि शासन-प्रशासन की कार्यप्रणाली में मानवाधिकारों के संरक्षण को सुनिश्चित करते हुए आमजन के विश्वास को सुदढ़ बनाया जाए।