राज्य
25-Feb-2026


* पर्यटकों की रिकॉर्ड बढ़ोतरी, दो वर्षों में 17 करोड़ से अधिक की आय गुजरात का गौरव माने जाने वाला रणोत्सव अब वैश्विक पर्यटन मानचित्र पर अपनी मजबूत पहचान बना चुका है। हर वर्ष दिसंबर से मार्च तक कच्छ के सफेद रण में आयोजित होने वाला यह भव्य उत्सव देश-विदेश के लाखों पर्यटकों को आकर्षित करता है। संस्कृति, लोकसंगीत, हस्तकला, साहसिक गतिविधियां और चांदनी रात में चमकता सफेद रण ये सभी मिलकर रणोत्सव को अद्वितीय बनाते हैं। विधानसभा में गुजरात सरकार के उपमुख्यमंत्री एवं पर्यटन मंत्री हर्ष संघवी ने रणोत्सव से जुड़े महत्वपूर्ण आंकड़े प्रस्तुत किए। उनके अनुसार वर्ष 2024 में कुल 8,55,565 पर्यटकों ने रणोत्सव का दौरा किया था, जबकि वर्ष 2025 में यह संख्या बढ़कर 9,41,637 तक पहुंच गई। यानी केवल एक वर्ष में पर्यटकों की संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है। पर्यटकों की इस बढ़ती संख्या का सीधा लाभ राज्य की आय में भी देखने को मिला है। मंत्री ने बताया कि पिछले दो वर्षों में रणोत्सव के माध्यम से प्रीमियम मैनेजमेंट फीस के जरिए राज्य सरकार को कुल 17 करोड़ 06 लाख 35 हजार 667 रुपये की आय प्राप्त हुई है। यह आंकड़ा दर्शाता है कि रणोत्सव केवल सांस्कृतिक उत्सव ही नहीं, बल्कि आर्थिक दृष्टि से भी राज्य के लिए एक महत्वपूर्ण स्रोत बन चुका है। रणोत्सव से स्थानीय हस्तकला कलाकारों, ऊंट संचालकों, टेंट सिटी प्रबंधकों, होटल व्यवसायियों और छोटे व्यापारियों को व्यापक रोजगार के अवसर मिल रहे हैं। कच्छ के ग्रामीण क्षेत्रों में इस उत्सव से आर्थिक गतिविधियों को गति मिली है और स्थानीय संस्कृति को अंतरराष्ट्रीय पहचान प्राप्त हुई है। सरकार के सुनियोजित प्रयासों और सुव्यवस्थित आयोजन के चलते रणोत्सव हर वर्ष नई ऊंचाइयों को छू रहा है। बढ़ती पर्यटक संख्या और करोड़ों की आय यह स्पष्ट संकेत देती है कि कच्छ का रणोत्सव अब केवल एक उत्सव नहीं, बल्कि गुजरात के पर्यटन विकास का प्रतीक बन चुका है। सतीश/25 फरवरी