बिलासपुर (ईएमएस)। स्वतंत्रता संग्राम सेनानी उत्तराधिकारी परिवार संगठन, बिलासपुर द्वारा आयोजित स्मरण कार्यक्रम में महान स्वतंत्रता सेनानी राम चरण श्रीवास की 111वीं जयंती श्रद्धापूर्वक मनाई गई। कार्यक्रम का आयोजन 1 मार्च को जरहाभांटा, ओम नगर में किया गया।साहित्यकार महेश श्रीवास ने सेनानी परिवार के योगदान पर प्रकाश डालते हुए बताया कि श्रीवास बंधु 1942 के आंदोलन के दौरान गुप्त पर्चे और दस्तावेज रेल की पटरियों के सहारे सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाया करते थे। उन्होंने महात्मा गांधी से प्रेरणा लेकर आज़ादी की लड़ाई में सक्रिय भूमिका निभाई। राष्ट्रीय उपाध्यक्ष चन्द्र प्रकाश बाजपेयी ने कहा कि 1942 के आंदोलन में अनेक क्रांतिकारियों की गिरफ्तारी के बाद सूचना तंत्र का दायित्व राम चरण श्रीवास और उनके साथियों ने संभाला, जिसके कारण उन्हें जेल में यातनाएं भी सहनी पड़ीं। संस्था की अध्यक्ष डॉ. शकुंतला जितपुरे ने बताया कि उनका परिवार भी स्वतंत्रता आंदोलन से जुड़ा रहा और बच्चों को देशभक्ति की शिक्षा दी जाती थी।कार्यक्रम का शुभारंभ राष्ट्रीय ध्वजारोहण एवं सेनानियों के चित्रों पर दीप प्रज्वलन से हुआ। उपस्थित जनों ने माल्यार्पण कर पुष्पांजलि अर्पित की। इस अवसर पर डॉ. शिवनाथ श्रीवास, रमेश श्रीवास, अनिल तिवारी सहित अनेक वक्ताओं ने उनके व्यक्तित्व और राष्ट्रसेवा पर विचार रखे। कार्यक्रम संयोजक चन्द्र प्रकाश बाजपेयी ने बताया कि नगर के प्रत्येक सेनानी परिवार का परिचय संकलित किया जाएगा ताकि युवा पीढ़ी को बलिदान की गाथा से जोड़ा जा सके। अंत में आभार प्रदर्शन के साथ सभा का समापन हुआ। मनोज राज 03 मार्च 2026