नई दिल्ली (ईएमएस)। नई दिल्ली हाईकोर्ट ने बॉलीवुड अभिनेत्री सेलिना जेटली द्वारा दायर याचिका का निपटारा कर दिया है। जिसमें उन्होंने यूएई में हिरासत में अपने भाई मेजर विक्रांत जेटली से मिलने और उनसे संपर्क स्थापित कराने की मांग की थी। सुनवाई के दौरान अदालत को बताया गया कि विक्रांत ने अपनी बहन से संपर्क करने से इंकार किया है। इस आधार पर अदालत ने याचिका को निपटाने का निर्णय लिया। हालांकि, अदालत ने केंद्र को निर्देश दिया कि वह विक्रांत के साथ संपर्क बनाए रखे और उनके लिए कानूनी एवं राजनयिक सहायता उपलब्ध कराए। सुनवाई में बताया गया कि विक्रांत जेटली ने कहा है कि उनके कानूनी मामलों से जुड़े सभी निर्णय उनकी पत्नी चारुल से परामर्श के बाद ही लिए जाएं। दिल्ली अदालत को यह जानकारी भी दी गई कि यूएई में भारतीय अधिकारियों द्वारा उन्हें कांसुलर एक्सेस की सुविधा प्रदान कर दी गई है, यानी भारतीय दूतावास उनके पास जा सकता है और उनकी स्थिति की जानकारी ले सकता है। अदालत ने यह स्पष्ट किया कि फिलहाल विक्रांत जेटली ने किसी भी तरह की कानूनी सहायता लेने से इंकार किया है, इसलिए याचिका को आगे जारी रखने की जरुरत नहीं है। मामला तब सामने आया था जब अभिनेत्री सेलिना जेटली ने बताया कि उनके भाई को दुबई के एक मॉल से कथित रूप से हिरासत में ले जाया गया। लंबे समय तक उनके परिवार को कोई आधिकारिक जानकारी नहीं मिल रही थी, जिससे चिंता बढ़ गई थी। बाद में यह पता चला कि उन्हें अबू धाबी के डिटेंशन सेंटर में रखा गया है। अभिनेत्री सेलिना ने मामले में भारत सरकार और विदेश मंत्रालय से मदद मांगी और संयुक्त अरब अमीरात स्थित भारतीय दूतावास से भी संपर्क किया। जब उन्हें संतोषजनक जवाब नहीं मिला, तब उन्होंने दिल्ली हाईकोर्ट में याचिका दायर की। अदालत ने पहले ही विदेश मंत्रालय को निर्देश दिया था कि वे विक्रांत जेटली की स्थिति के बारे में आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराएं। अंततः सुनवाई में यह स्पष्ट हुआ कि विक्रांत जेटली अपनी बहन से संपर्क नहीं करना चाहते और फिलहाल बाहरी सहायता की जरूरत भी नहीं मानते। इसी आधार पर अदालत ने याचिका का निपटारा कर दिया और सरकार को उनके साथ नियमित संपर्क बनाए रखने का निर्देश दिया। आशीष दुबे / 17 मार्च 2026