वैश्विक तनाव के बीच रक्षामंत्री राजनाथ सिंह का सख्त संदेश सामने आया नई दिल्ली,(ईएमएस)। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि भारत का पड़ोसी देश किसी भी तरह की ‘गलत हरकत’ कर सकता है, लेकिन अगर ऐसा हुआ तो भारत की प्रतिक्रिया अभूतपूर्व और निर्णायक होगी। उन्होंने साफ किया कि सशस्त्र बल हर चुनौती से निपटने के लिए तैयार हैं। रक्षा मंत्री का यह बयान ऐसे समय आया है जब ईरान युद्ध के कारण एशिया में भी तनाव बढ़ा हुआ है। वैश्विक तनाव के इस दौर में भारत की सुरक्षा को लेकर सख्त संदेश सामने आया है। राजनाथ ने कहा कि यह सिर्फ एक चेतावनी नहीं, बल्कि यह संकेत भी है कि भारत अब हर खतरे का जवाब देने के लिए पूरी तरह तैयार है। रक्षा मंत्री ने देशवासियों को भरोसा दिलाते हुए कहा कि हम अपने भारतीय नागरिकों की रक्षा और सुरक्षा के लिए हर कदम उठाने में सक्षम हैं। उन्होंने यह भी कहा कि पश्चिम एशिया में चल रहे संघर्ष को लेकर लोगों को घबराने की जरूरत नहीं ‘हालात गंभीर जरूर हैं, लेकिन सरकार हर स्थिति पर नजर रखे हुए है। उनके इस बयान से साफ है कि सरकार एक तरफ सख्ती दिखा रही है और दूसरी तरफ जनता का भरोसा भी बनाए रखना चाहती है। उन्होंने बताया कि देश की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और सेना हर स्थिति से निपटने के लिए तैयार है। उन्होंने ऊर्जा संकट की आशंकाओं को भी खारिज करते हुए कहा कि कुछ लोग इस युद्ध के कारण झूठ फैला कर डर का माहौल बना रहे हैं, लेकिन देश में न तो पेट्रोल-डीजल की कमी है और न ही रसोई गैस की। इस बयान से उन्होंने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की और भरोसा दिलाया कि जरूरी संसाधनों की कोई कमी नहीं है। सरकार लगातार पश्चिम एशिया के हालात पर नजर बनाए हुए है। रक्षा मंत्री ने कहा कि हम स्थिति पर करीब से नजर रख रहे हैं और हर परिस्थिति से निपटने की तैयारी कर रहे हैं। उन्होंने खासतौर पर उन भारतीयों का जिक्र किया जो विदेशों में रह रहे हैं और कहा कि उनकी सुरक्षा सरकार की सबसे बड़ी जिम्मेदारी है। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक उन्होंने पीएम मोदी की भूमिका का जिक्र करते हुए कहा कि सरकार लगातार उच्च स्तर पर बैठकों के जरिए हालात की समीक्षा कर रही है। जरूरी योजनाएं बनाई जा रही हैं ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत कार्रवाई की जा सके और देश को सुरक्षित रखा जा सके। रक्षा मंत्री ने कहा कि यह समय सभी को एकजुट रहने का है। उन्होंने कहा कि संकट के समय राजनीति से ऊपर उठकर देश के हित में सोचना चाहिए। उनका संदेश साफ था कि देश की मजबूती उसकी एकता में है। सिराज/ईएमएस 02अप्रैल26