नई दिल्ली,(ईएमएस)। देश में जहां एक ओर गर्मी ने दस्तक दे दी है, वहीं दूसरी ओर कुदरत के बदलते मिजाज ने लोगों को हैरत में डाल दिया है। भारत मौसम विज्ञान विभाग ने शुक्रवार को ताजा पूर्वानुमान जारी करते हुए देश के बड़े हिस्से में बारिश, ओलावृष्टि और तेज हवाओं की चेतावनी जारी की है। इस मौसमी बदलाव का सबसे ज्यादा असर उत्तर-पश्चिम भारत के राज्यों में देखने को मिल रहा है, जहां आने वाले दिनों में मौसम काफी चुनौतीपूर्ण रहने वाला है। मौसम विभाग के अनुसार, उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश जैसे पहाड़ी राज्यों में 3 से 8 अप्रैल के बीच झमाझम बारिश के साथ 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है। मैदानी इलाकों की बात करें तो पश्चिमी राजस्थान और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भी अगले कुछ दिनों तक बादल बरसने के आसार हैं। दिल्ली-एनसीआर, पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ में 7 और 8 अप्रैल को हल्की से मध्यम बारिश होने की उम्मीद है। वहीं, जम्मू-कश्मीर, लद्दाख और मुजफ्फराबाद के ऊंचाई वाले इलाकों में इस दौरान बर्फबारी और निचले इलाकों में बारिश का दौर जारी रहेगा। ओलावृष्टि को लेकर जारी चेतावनी खेती-किसानी के नजरिए से चिंताजनक है। मौसम विभाग ने बताया है कि 3 और 4 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली के कुछ हिस्सों में ओले गिर सकते हैं। इसके अलावा उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश और राजस्थान के विभिन्न हिस्सों में भी 4 और 5 अप्रैल को ओलावृष्टि की प्रबल संभावना है। दक्षिण और मध्य भारत के साथ-साथ पूर्वोत्तर राज्यों में भी बादलों का डेरा रहेगा। मध्य प्रदेश में 3 और 4 अप्रैल को ओले गिरने की संभावना है, जबकि छत्तीसगढ़ में 4 अप्रैल को मौसम बिगड़ सकता है। पश्चिम बंगाल, सिक्किम, ओडिशा और झारखंड में भी अगले 5 दिनों तक बारिश का दौर बना रहेगा। पूर्वोत्तर की ओर नजर डालें तो असम, मेघालय और अरुणाचल प्रदेश में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। महाराष्ट्र के मराठवाड़ा और गुजरात के कुछ हिस्सों में भी छिटपुट बारिश की उम्मीद जताई गई है। गर्मी के इस मौसम में अचानक हुई इस बेमौसमी बरसात और ओलावृष्टि ने न केवल तापमान में गिरावट दर्ज की है, बल्कि फसलों के लिए भी संकट पैदा कर दिया है। वीरेंद्र/ईएमएस/03अप्रैल2026