- तत्काल निलंबन के निर्देश ग्वालियर (ईएमएस)। मध्य प्रदेश के कैबिनेट मंत्री और ग्वालियर के क्षेत्रीय विधायक नारायण सिंह कुशवाहा शुक्रवार को प्रशासनिक लापरवाही पर जमकर भड़क उठे। मामला दक्षिण विधानसभा के वार्ड क्रमांक 52 का है, जहां वे एक सड़क निर्माण कार्य के भूमिपूजन कार्यक्रम में शामिल होने पहुंचे थे। हैरानी की बात यह रही कि नगर निगम द्वारा तय किए गए इस कार्यक्रम में कोई भी जिम्मेदार अधिकारी मौजूद नहीं था। मौके पर केवल एक पंप ऑपरेटर के मौजूद होने से मंत्री का गुस्सा सातवें आसमान पर पहुंच गया। नाराज मंत्री ने मौके से ही नगर निगम आयुक्त संघप्रिय को फोन लगाया और कड़े शब्दों में नाराजगी जताई। उन्होंने साफ कहा कि यह एक मंत्री की बेइज्जती है और ऐसी लापरवाही बिल्कुल बर्दाश्त नहीं की जाएगी। मंत्री ने जोनल ऑफिसर को “नालायक” बताते हुए उसे तत्काल सस्पेंड करने के निर्देश दिए और कहा कि सस्पेंशन आदेश की कॉपी उन्हें भेजी जाए। बताया जा रहा है कि मंत्री और आयुक्त के बीच हुई बातचीत का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है, जिसमें मंत्री कड़े लहजे में अधिकारियों की कार्यशैली पर सवाल उठाते नजर आ रहे हैं। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि “ये नाटकबाजी नहीं चलेगी” और यदि निर्देशों का पालन नहीं हुआ तो वे आगे बातचीत भी नहीं करेंगे। सूत्रों के अनुसार, मंत्री की सख्ती के बाद संबंधित जोनल ऑफिसर को निलंबित कर दिया गया है। मंत्री ने यह भी कहा कि नगर निगम के कर्मचारी लगातार जनप्रतिनिधियों की अनदेखी कर रहे हैं, जो गंभीर चिंता का विषय है। उल्लेखनीय है कि इससे पहले भी नगर निगम अधिकारियों की कार्यप्रणाली को लेकर परिषद बैठकों में हंगामा हो चुका है और कई जनप्रतिनिधि अपनी नाराजगी जता चुके हैं।