आजादी के बाद भी एमपी में सिर्फ 27 महिला विधायक,इसीलिए पीएम मोदी ला रहे 33 महिला आरक्षण विधेयक भोपाल (ईएमएस) । केन्द्र की मोदी सरकार द्वारा संसद का विशेष सत्र बुलाकर नारी शक्ति वंदन अधिनियम के तहत महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण दिए जाने एवं इससें महिलाओं को भविष्य में मिलने वाले फायदे को लेकर प्रदेश भाजपा की विधायक अर्चना चिटनीस ने पत्रकार वार्ता के दौरान इसके बारें में जानकारी दी। चिटनीस ने कहा कि आजादी के बाद मप्र में सिर्फ 27 महिला विधायक थी इसलिए अब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण देने वाला विधेयक ला रहे हैं और संसद के विशेष सत्र में इसे पारित कराएंगे। चिटनिस ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी की मंशा है कि जनगणना होने के पहले और नए परिसीमन के पूर्व महिलाओं की भागीदारी और बढ़े, इसलिए विधेयक लाया जा रहा है। नारी शक्ति वंदन अधिनियम से महिलाओं को मिला मजबूत अधिकार प्रदेश भाजपा कार्यालय में पीएचई मंत्री संपतिया उइके, बीजेपी महिला मोर्चा की अध्यक्ष अश्विनी परांजपे, सागर से सांसद लता वानखेड़े की मौजूदगी में विधायक चिटनिस ने कहा कि वर्ष 2023 में लोकसभा और राज्यसभा में नारी शक्ति वंदन अधिनियम पारित हुआ। इसके पूर्व में चार बार इसको लेकर प्रयास किए गए लेकिन सफलता नहीं मिल सकी। उन्होंने कहा कि पंचायती राज में जरूर महिलाओं को रिजर्वेशन मिलता है। कांग्रेस के लोगों ने महिला आरक्षण विधेयक की प्रति छीनकर फाड़ी और उसकी धज्जियां पार्लियामेंट में उड़ाई थी। जब जनधन योजना में देशभर में अकाउंट खोले जाते हैं तो 56 प्रतिशत डिस्काउंट बहनों के खोले जाते, हमने उसको बहुत पास से देखा है कि 35 करोड़ से अधिक मुद्रा लोन हमारी बहनों ने लिए और इतना ही नहीं स्टैंड अप इंडिया जैसी महत्वपूर्ण उसके 80 प्रतिशत लाभार्थी स्टैंड अप इंडिया की हमारी बेटियां शिक्षा के क्षेत्र में हमारी बेटियां हमारे बेटों से आगे निकल रहीं। एमपी विधानसभा में ऐसी रही महिला विधायकों की स्थिति विधायक अर्चना चिटनिस ने मध्य प्रदेश की विधानसभा में में इतने सालों में महिलाओं की स्थिति के बारे में बताते हुए कहा कि वर्ष 1957 में एक भी महिला विधायक नहीं थी। वर्ष 1962 में एक महिला विधायक बनी। वर्ष 1967 में दो महिलाएं, वर्ष 1985 में 5 और 1990 में 7 महिलाएं विधानसभा पहुंची थीं। इसी तरह 1993 में 10 और वर्ष 1998 में 14 महिला विधायक थीं। वर्ष 2003 में मात्र 18 थीं। वर्ष 2008 में 25, वर्ष 2018 में फिर से 17 और आज 27 महिला विधायक हैं। आशीष पाराशर/11 अप्रैल2026