-लोकसभा में तीन विधेयक एक साथ लाए जाने पर गरमाई बहस नई दिल्ली,(ईएमएस)। कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने केंद्र सरकार द्वारा लाए गए परिसीमन और महिला आरक्षण से जुड़े विधेयकों को लेकर तीखा हमला बोला है। उन्होंने इन प्रस्तावों को “लोकतंत्र पर कुटिल हमला” बताते हुए विपक्ष की ओर से एकजुट विरोध की बात कही। कांग्रेस नेता खड़गे ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर पोस्ट करते हुए कहा कि विपक्ष संसद को महिला आरक्षण के नाम पर पेश किए गए “दोषपूर्ण परिसीमन विधेयकों” के प्रभाव में नहीं आने देगा। उन्होंने दावा किया कि विपक्ष इन प्रस्तावों का पूरी ताकत से मुकाबला करेगा। यह बयान ऐसे समय आया है जब लोकसभा में संविधान संशोधन और परिसीमन से जुड़े तीन महत्वपूर्ण विधेयक पेश किए गए हैं। इन विधेयकों में ‘संविधान (131वां संशोधन) विधेयक 2026’ और परिसीमन से संबंधित प्रस्ताव शामिल हैं, जिन्हें सरकार ने महिला आरक्षण व्यवस्था को लागू करने की दिशा में अहम कदम बताया है। विपक्षी दलों जिनमें कांग्रेस, समाजवादी पार्टी और द्रमुक प्रमुख रूप से शामिल हैं ने इन विधेयकों को “असंवैधानिक” बताते हुए प्रक्रिया पर सवाल उठाए हैं। कांग्रेस नेता केसी वेणुगोपाल ने आरोप लगाया कि सरकार 2023 में पारित महिला आरक्षण कानून को लागू करने में देरी कर रही है और अब उसे परिसीमन से जोड़कर नया स्वरूप दिया जा रहा है। इसी तरह सपा नेता अखिलेश यादव ने भी सरकार से सवाल किया कि इन विधेयकों को लाने की जल्दबाजी क्यों की जा रही है, जबकि धर्मेंद्र यादव ने इन्हें संविधान की भावना के खिलाफ बताया। विपक्ष का आरोप है कि सरकार इन विधेयकों के जरिए संघीय ढांचे को प्रभावित कर रही है, जबकि सरकार का कहना है कि यह कदम प्रतिनिधित्व और चुनावी सुधारों को मजबूत करने के लिए जरूरी है। फिलहाल, इन विधेयकों पर जारी राजनीतिक टकराव ने संसद के भीतर बहस को और तीखा बना दिया है, और आने वाले मतदान को बेहद अहम माना जा रहा है। हिदायत/ईएमएस 16अप्रैल26