* ‘चाय पर चर्चा’ कार्यक्रम में विपक्ष पर बोला हमला, 2000 से ज्यादा कांग्रेस कार्यकर्ता भाजपा में शामिल सूरत (ईएमएस)| सूरत महानगरपालिका की आगामी 26 अप्रैल को होने वाली चुनाव प्रक्रिया में अब गिनती के दिन शेष हैं। ऐसे में डायमंड सिटी का राजनीतिक माहौल चरम पर पहुंच गया है। शहर के लिंबायत क्षेत्र में भारतीय जनता पार्टी द्वारा भव्य जनसंपर्क कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें केंद्रीय मंत्री सीआर पाटिल ने हिस्सा लेकर विपक्षी दलों पर तीखे प्रहार किए। लिंबायत क्षेत्र के वार्ड नंबर-25 में स्थानीय कार्यकर्ताओं और नागरिकों के साथ आयोजित ‘चाय पर चर्चा’ कार्यक्रम में सी.आर. पाटिल ने एक आम नागरिक की तरह चाय की चुस्की लेते हुए बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं से सीधा संवाद किया और चुनावी रणनीति पर मार्गदर्शन दिया। इस कार्यक्रम का सबसे बड़ा आकर्षण दल-बदल रहा। संजयनगर सर्कल में सी.आर. पाटिल की मौजूदगी में लिंबायत क्षेत्र के कांग्रेस के 2000 से अधिक कार्यकर्ताओं ने विधिवत भाजपा का दामन थाम लिया। गौरतलब है कि कुछ समय पहले ही वार्ड नंबर-18 से कांग्रेस टिकट पर चुनाव लड़ने वाले संजय रामानंदी ने अपना नामांकन वापस ले लिया था। अब उन्होंने भी आधिकारिक रूप से भाजपा की सदस्यता ग्रहण कर ली है। सभा को संबोधित करते हुए सी.आर. पाटिल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने महिलाओं को अधिकार दिलाने के लिए ईमानदार प्रयास किए हैं। गुजरात में मुख्यमंत्री रहते हुए उन्होंने स्थानीय स्वराज संस्थाओं में 50 प्रतिशत महिला आरक्षण लागू कराया था। उन्होंने कहा कि इसी का परिणाम है कि आज स्थानीय चुनावों में 10 हजार उम्मीदवारों में से 5 हजार से अधिक महिलाएं चुनाव मैदान में हैं। पाटिल ने आगे कहा कि केंद्र सरकार ने महिलाओं को विशेष अधिकार देने के लिए विशेष सत्र बुलाया और किसी के साथ अन्याय न हो, इसके लिए 273 सीटें बढ़ाने पर भी विचार किया गया। इस मुद्दे पर Amit Shah ने लोकसभा में विस्तृत जवाब दिया था, फिर भी कांग्रेस, समाजवादी पार्टी और तृणमूल कांग्रेस जैसी पार्टियों ने इस बिल का विरोध किया। सी.आर. पाटिल ने कहा कि जिन पार्टियों में इंदिरा गांधी, सोनिया गांधी, प्रियंका गांधी, ममता बनर्जी और डिम्पल यादव जैसी महिला नेता शीर्ष स्थान पर हैं, वही पार्टियां महिलाओं के अधिकारों का विरोध कर रही हैं। उन्होंने कहा कि संसद में बिल पारित होने पर जिस तरह मेज थपथपाकर खुशी जताई गई, देश की महिलाएं सब देख रही हैं और आने वाले समय में ऐसे दलों का राजनीतिक अस्त तय करेंगी। सतीश/20 अप्रैल