-अखिलेश ने कहा था- बीजेपी वाले 12 करोड़ आबादी वाले यूपी में सिर्फ 12 महिलाएं भेजते लखनऊ,(ईएमएस)। लोकसभा में महिला आरक्षण बिल को लेकर बिल के पारित ना होने पर यूपी महिला आयोग की उपाध्यक्ष अपर्णा यादव और सदस्य ऋतु शाही ने सपा-कांग्रेस का झंडा जलाकर विरोध जताया था। अब दोनों महिला नेताओं के इस प्रदर्शन पर बीजेपी नेतृत्व नाराज है। राज्य महिला आयोग की उपाध्यक्ष अपर्णा यादव और सदस्य ऋतु शाही पर पार्टी हाईकमान ने सवाल उठाए हैं कि इससे पार्टी की किरकिरी हुई है। बता दें 17 अप्रैल की देर रात विधानसभा के बाहर अपर्णा यादव और ऋतु शाही ने महिलाओं के साथ प्रदर्शन किया। उन्होंने सपा और कांग्रेस के झंडे जलाए और विपक्षी दलों के खिलाफ नारेबाजी की। यह प्रदर्शन संसद में नारी शक्ति वंदन अधिनियम के गिर जाने के विरोध में किया गया था। अपर्णा ने कहा था कि यह कलंकित करने वाली रात है। विपक्ष का चेहरा दिखावटी है। नारी शक्ति इन्हें कुचल देगी। सपा-कांग्रेस के नेता दुर्योधन और दुशासन जैसे हैं, इसलिए हमने उनके झंडे जलाए। प्रदर्शन में सिर्फ 10-12 महिलाओं की मौजूदगी पर सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने तंज कसा। उन्होंने एक फोटो शेयर कर लिखा- बीजेपी वाले 12 करोड़ महिलाओं वाले यूपी में सिर्फ 12 महिलाओं को भेजते हैं। कहा जा रहा है कि अखिलेश के इस पोस्ट ने बीजेपी को काफी शर्मिंदगी में डाल दिया, जिसकी वजह से पार्टी आला कमान दोनों ही नेताओं से नाराज है। सूत्रों के मुताबिक यूपी बीजेपी अध्यक्ष पंकज चौधरी और महासचिव धर्मपाल सिंह सहित कई बड़े नेता इस घटना से नाराज हैं। उनका कहना है कि बिना पार्टी की अनुमति के और इतनी कम संख्या में प्रदर्शन करना पूरी पार्टी को बदनाम करने जैसा था। पार्टी सूत्रों के मुताबिक अपर्णा यादव और ऋतु शाही से या तो लिखित स्पष्टीकरण मांगा जा सकता है या फिर मौखिक जवाब। बता दें मुलायम सिंह यादव की छोटी बहू अपर्णा यादव 2022 में सपा छोड़कर बीजेपी में शामिल हुई थीं। ऋतु शाही एसटीएफ के डिप्टी एसपी धर्मेश कुमार शाही की पत्नी हैं और पहले बीजेपी की गोरखपुर इकाई की महिला विंग की कोषाध्यक्ष रह चुकी हैं। बताया जा रहा है कि इस पूरे प्रकरण से बीजेपी की रणनीति को धक्का लगा है, महिला आरक्षण बिल पर विपक्ष के विरोध के बाद इसे बड़ा मुद्दा बनाने के फ़िराक में है। फिलहाल दोनों महिला नेताओं की ओर से कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है। सिराज/ईएमएस 21अप्रैल26