राष्ट्रीय
21-Apr-2026


-कांग्रेस सांसद के दफ्तर से जब्त नकदी का मामला चैन्नई,(ईएमएस)। तमिलनाडु राज्य के शिवगंगा जिला के कराईकुडी में सोमवार को चुनावी कार्रवाई के दौरान एक चौंकाने वाली घटना सामने आई। चुनाव आयोग के फ्लाइंग स्क्वॉड ने कांग्रेस सांसद के चिदम्बरम के कार्यालय पर छापा मारकर 13.44 लाख रुपये नकद जब्त किए थे, लेकिन कुछ ही देर बाद भीड़ ने यह रकम अधिकारियों से छीन ली और फरार हो गई। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, चुनावी उड़न दस्ते को गुप्त सूचना मिली थी कि मतदाताओं में बांटने के लिए बड़ी मात्रा में नकदी रखी गई है। इसके बाद टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए कार्यालय परिसर में छापा मारा और नकदी से भरे बैग बरामद किए। जब अधिकारी वाहन के पास रकम की गिनती कर रहे थे, तभी पलानीअप्पन नामक व्यक्ति वहां पहुंचा और मौके पर ही गिनती कराने का दबाव बनाया। गिनती के दौरान पूरी प्रक्रिया की वीडियोग्राफी भी की गई, जिसमें कुल 13.44 लाख रुपये पाए गए। लेकिन जैसे ही अधिकारी नकदी को सुरक्षित रखने की तैयारी कर रहे थे, करीब 30 लोगों की भीड़ वहां पहुंच गई और अचानक हमला कर बैग छीनकर फरार हो गई। इतना ही नहीं, आरोप है कि भीड़ में शामिल एक व्यक्ति ने अधिकारियों की गाड़ी की चाबी भी निकाल ली, जिससे वे पीछा नहीं कर सके। घटना की सूचना मिलते ही प्रशासन सक्रिय हो गया। देवकोट्टई के सब-कलेक्टर आयुष वेंकट वत्स और कराईकुडी के सहायक पुलिस अधीक्षक आशीष पुनिया मौके पर पहुंचे। पुलिस ने मामला दर्ज कर मुख्य संदिग्ध पलानीअप्पन को गिरफ्तार कर लिया है और अन्य आरोपियों की तलाश जारी है। वोट के बदले कैश की मांग को लेकर सड़क जाम इसी बीच, तमिलनाडु के ही कोट्टूर क्षेत्र से एक और हैरान करने वाली घटना सामने आई। यहां लोगों ने ‘वोट के बदले कैश’ न मिलने पर सड़क जाम कर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि आसपास के इलाकों में पैसे बांटे गए, लेकिन उनके क्षेत्र को नजरअंदाज किया गया। मौके पर पहुंची पुलिस ने सख्ती दिखाते हुए लोगों को चेतावनी दी कि वोट के बदले पैसे मांगना और लेना, दोनों ही कानूनन अपराध हैं। साथ ही, सड़क जाम करने पर भी कार्रवाई की बात कही गई। चेतावनी के बाद प्रदर्शनकारी वहां से हट गए। इन दोनों घटनाओं ने चुनाव के दौरान धनबल के इस्तेमाल और उससे जुड़े सामाजिक-राजनीतिक पहलुओं पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। हिदायत/ईएमएस 21अप्रैल26