बीजापुर(ईएमएस)। जिले में शिक्षक की आत्महत्या के मामले ने राजनीतिक तूल पकड़ लिया है। कांग्रेस और भाजपा दोनों दलों के नेता एक-दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगा रहे हैं और मामले की उच्च स्तरीय जांच की मांग कर रहे हैं। दरअसल, बीते बुधवार चेरपाल निवासी और पालनार स्कूल के प्रधान अध्यापक राजू पुजारी ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी। पुलिस को मौके से एक सुसाइड नोट मिला है, जिसमें तीन लोगों देवाशीष मंडल (ठेकेदार), शैलेष वासम और डोंगरे सर को उनकी मौत के लिए जिम्मेदार बताया गया है। नोट में परिवार की जिम्मेदारी भी उन्हीं लोगों को सौंपने की बात लिखी गई है। कांग्रेस विधायक विक्रम मंडावी ने मामले को लेकर प्रेसवार्ता की और भाजपा सरकार, नेताओं तथा प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि पालनार स्कूल भवन निर्माण कार्य (लगभग 20 लाख 30 हजार रुपये की लागत) में कथित अनियमितता और भुगतान के दबाव के कारण शिक्षक मानसिक तनाव में थे। विधायक मंडावी ने आरोप लगाया कि घटिया निर्माण और भुगतान के दबाव ने शिक्षक को आत्महत्या के लिए मजबूर किया। उन्होंने सुसाइड नोट में भाजपा नेता का नाम होने का दावा करते हुए उच्च स्तरीय जांच की मांग की। साथ ही चेतावनी दी कि यदि तीन दिनों में कार्रवाई नहीं हुई तो वे परिजनों और समाज के साथ बीजापुर थाने का घेराव करेंगे। वहीं भाजपा जिलाध्यक्ष घासीराम नाग ने भी घटना को दुखद और गंभीर बताते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की है। उन्होंने कहा कि दोषी चाहे किसी भी राजनीतिक दल या पद से जुड़ा हो, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने इस मामले में राजनीति न करने की अपील भी की। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी है और सुसाइड नोट में दर्ज आरोपों की सत्यता की पड़ताल की जा रही है। सत्यप्रकाश(ईएमएस)24 अप्रैल 2026