कोरबा (ईएमएस)। कोरबा जिले के राष्ट्रीय राजमार्ग-130 पर यातायात पुलिस विभाग ने इंटरसेप्टर के साथ वाहनों की जांच पड़ताल की। अलग-अलग कारणों से होने वाली दुर्घटनाओं की रोकथाम करने के लिए यह तरीका अपनाया जा रहा है। कोरबा जिला पुलिस की मांग पर प्रदेश मुख्यालय से पिछले वर्षयातायात पुलिस विभाग को इंटरसेप्टर वाहन उपलब्ध कराया गया है जिसमें कई प्रकार के आधुनिक उपकरण दिए गए हैं। वाहनों की गति सीमा के साथ-साथ अनेक मामलों में जांच पड़ताल करने की व्यवस्था में दी गई है। जीपीएस के साथ स्पीड राडार इसे विशेष बनाती है। हाई फ्रीक्वेंसी फ्रंट कैमरा का प्रयोग इस मामले में उपयोगी साबित हो रहा है कि काफी दूर से तेज रफ्तार से आने वाली गाडिय़ों की स्पीड को एनालाइज करने का काम बड़ी आसानी से हो रहा है और इस आधार पर संबंधित चालकों के विरुद्ध कार्यवाही करने में मदद मिल रही है। कोरबा में पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन पर और यातायात पुलिस विभाग इंटरसेप्टर के जरिए अलग-अलग क्षेत्र में पहुंचकर अपने काम को अंजाम दे रही है। जानकारी के अनुसार यह सुविधा प्राप्त होने के बाद से लगातार कार्यवाही करने में आसानी हुई है, और लापरवाही बरतने वालों को सबक भी मिला है कि राजमार्ग पर मनमानी करने की छूट नहीं है और फिर अर्थदंड सहित अन्य दंड के रूप में इसकी बड़ी कीमत भी चुकानी पड़ सकती है। यातायात पुलिस ने कहा कि सडक़ हादसों की रोकथाम करने के लिए हर स्तर पर जागरूकता अभियान हमारी व्यवस्था का सतत हिस्सा है और इसके लिए काम हो रहा है। वाहन चालकों को जिम्मेदार बनाने के लिए कोशिश हमेशा जारी रहेगी। - 02 मई