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05-May-2026
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-तमिलनाडु में विजय की पार्टी टीवीके की ऐतिहासिक जीत चेन्नई,(ईएमएस)। तमिलनाडु विधानसभा चुनाव के नतीजों ने दक्षिण भारत की सियासत में एक नए युग का सूत्रपात कर दिया है। अभिनेता से नेता बने विजय और उनकी पार्टी तमिलगा वेत्री कड़गम (टीवीके) ने धमाकेदार प्रदर्शन करते हुए ऐतिहासिक जीत दर्ज की है। हालांकि, पार्टी बहुमत के जादुई आंकड़े से कुछ सीटें दूर रह गई है, जिसके चलते राज्य में गठबंधन की सरकार को लेकर कयासों का बाजार गर्म हो गया है। इस बीच, कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और सांसद शशि थरूर ने टीवीके को समर्थन देने और उसे इंडिया गठबंधन में शामिल करने के स्पष्ट संकेत दिए हैं। शशि थरूर ने वर्तमान राजनीतिक परिस्थिति पर चर्चा करते हुए कहा कि तमिलनाडु में विजय की पार्टी को सरकार बनाने के लिए अतिरिक्त समर्थन की आवश्यकता होगी। उन्होंने सुझाव दिया कि इंडिया गठबंधन की पार्टियां इस दिशा में बातचीत कर सकती हैं। थरूर ने चुनाव पूर्व के घटनाक्रमों पर भी स्पष्टीकरण दिया, जहाँ कांग्रेस ने टीवीके के गठबंधन प्रस्ताव को ठुकरा कर अपने पुराने सहयोगी डीएमके का साथ दिया था। उन्होंने कहा कि अपने वर्षों पुराने सहयोगी के साथ मजबूती से खड़े रहने में कोई शर्म नहीं है, लेकिन अब जबकि चुनावी नतीजे सामने हैं, तो सरकार बनाने के लिए नए समीकरणों पर विचार किया जाएगा। आंकड़ों का हवाला देते हुए थरूर ने बताया कि तमिलनाडु में कांग्रेस के पास 5 सीटें हैं, जबकि आईयूएमएल और सीपीआई के पास दो-दो सीटें हैं। इन सीटों के आधार पर टीवीके के साथ गठबंधन की संभावनाओं को बल मिल रहा है। गौरतलब है कि विजय ने चुनाव से पहले ही भाजपा, डीएमके और एआईडीएमके के साथ किसी भी तरह के समझौते से साफ इनकार कर दिया था। उन्होंने कांग्रेस को गठबंधन का प्रस्ताव दिया था, जिसे उस समय कांग्रेस ने ठुकरा दिया था, लेकिन अब बदलते समीकरणों ने दोनों को करीब आने का मौका दे दिया है। पांच राज्यों के इन चुनावी परिणामों ने जहां बंगाल और असम में जीत के साथ भाजपा का आत्मविश्वास बढ़ाया है, वहीं केरल में कांग्रेस की जीत ने विपक्षी खेमे में नई ऊर्जा भरी है। थरूर का मानना है कि टीवीके को इंडिया गठबंधन से बाहर नहीं किया जा रहा है और उन्हें साथ आने का मौका मिल सकता है। हालांकि, उन्होंने यह भी जोड़ा कि अभी किसी अंतिम निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी। फिलहाल, तमिलनाडु की सत्ता की चाबी किसके हाथ होगी, इसका फैसला आने वाले कुछ दिनों की राजनीतिक बैठकों पर टिका है। वीरेंद्र/ईएमएस/05मई 2026